अररिया जिले के नरपतगंज प्रखंड अंतर्गत भारत-नेपाल सीमा पर तैनात सशस्त्र सीमा बल (SSB) की 56वीं वाहिनी बथनाहा की बेला सीमा चौकी (बसमतिया थाना क्षेत्र) के जवानों ने तस्करी के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है. विशेष गश्ती के दौरान जवानों ने अवैध रूप से ले जाई जा रही 6 लाख 56 हजार रुपये की नेपाली करेंसी और एक महिंद्रा वीरो चारपहिया वाहन को जब्त किया है. मौके से दो भारतीय तस्करों को भी गिरफ्तार किया गया है, जो इस अवैध मुद्रा को सीमावर्ती रास्ते से सुपौल जिले के भीमनगर ले जाने की फिराक में थे.
गुप्त सूचना पर बनी विशेष टीम, पिलर 198/2 के पास घेराबंदी
एसएसबी को पुख्ता इनपुट मिला था कि सीमावर्ती गांव बेला (वार्ड संख्या सात) से एक चारपहिया वाहन के जरिए भारी मात्रा में नेपाली मुद्रा को भारतीय क्षेत्र सुपौल के भीमनगर की ओर भेजा जा रहा है. सूचना मिलते ही सहायक उप-निरीक्षक सुनील कुमार मीणा के नेतृत्व में जवानों की एक विशेष गश्ती टीम का गठन किया गया. जवानों ने सीमा स्तंभ संख्या 198/2 से करीब 300 मीटर भीतर भारतीय सीमा (बेला गांव) में रणनीतिक नाकेबंदी कर दी.
काली थैली में छिपाकर रखी थी नोटों की गड्डियां
जैसे ही संदिग्ध महिंद्रा वीरो वाहन वहां पहुंचा, सतर्क जवानों ने उसे चारों तरफ से घेर लिया. वाहन की सघन तलाशी लेने पर उसके अंदर रखी एक काले रंग की प्लास्टिक की थैली से नोटों के बंडल बरामद हुए, जिनकी गिनती करने पर कुल 6 लाख 56 हजार रुपये नेपाली मुद्रा पाई गई. मौके पर पकड़े गए दोनों युवकों से जब इस बड़ी रकम के वैध स्रोत और कागजात मांगे गए, तो वे कोई भी वैध दस्तावेज पेश नहीं कर सके. इसके बाद जवानों ने मुद्रा और वाहन दोनों को तुरंत जब्त कर लिया.
सुपौल के रहने वाले हैं दोनों गिरफ्तार तस्कर
हिरासत में लिए गए दोनों तस्करों की पहचान सुपौल जिले के बीरपुर थाना क्षेत्र निवासी के रूप में की गई है. इनमें बौराहा गांव निवासी सदानंद यादव का 25 वर्षीय पुत्र रूपेश कुमार यादव और बनैलीपट्टी निवासी उमेश कदगय का 18 वर्षीय पुत्र उदय कुमार शामिल है. दोनों आरोपियों से सीमा क्षेत्र में सक्रिय मुद्रा विनिमय और हवाला रैकेट से जुड़े संपर्कों के बारे में पूछताछ की गई है.
जब्त राशि और वाहन फारबिसगंज कस्टम के हवाले
एसएसबी 56वीं वाहिनी के अधिकारियों ने बताया कि सीमा पर अवैध मुद्रा की तस्करी, हवाला कारोबार और गैरकानूनी गतिविधियों पर जवानों की 24 घंटे पैनी नजर है. पकड़े गए दोनों आरोपियों, जब्त नेपाली करेंसी और महिंद्रा वीरो वाहन को आवश्यक कागजी और कानूनी औपचारिकताओं के बाद फारबिसगंज स्थित सीमा शुल्क (कस्टम) कार्यालय को सुपुर्द कर दिया गया है, जहां से आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है.
