राम कथा का मुख्य सार प्रेम पर आधारित

श्रीराम कथा में उमड़ा भक्तों का जनसैलाब

-15- प्रतिनिधि, फारबिसगंज शहर के छुआ पट्टी में चल रहे श्री राम कथा महोत्सव के छठे दिन बालसंत श्री हरि दास जी महाराज ने कहा कि श्री राम कथा का मुख्य सार प्रेम पर आधारित है, चाहे वह प्रेम माता-पिता से, भाई भाई से, पति पत्नी से चाहे राजा और प्रजा के बीच हो. प्रेम वह चीज है जिसके प्रयोग से आप दुर्लभ कार्य भी सहजता से करा सकते हैं. घर गृहस्थी में माताओं का रोल बहुत महत्वपूर्ण है माता अगर संस्कारी होगी तो घर में भी आध्यात्मिक वातावरण बन सकता है. राम जी जब वनवास चले गए तो यह प्रेम का ही प्रभाव था कि भरत जी श्री राम जी के वियोग में उनकी खड़ाऊं की उपस्थिति से ही राम जी के आने की राह देखते रहे. भागवत कथा मरना सिखाती है जबकि श्री राम कथा जीना सिखाती है. रात से मौसम में ठंड का प्रभाव बहुत बढ़ जाने के बाद भी श्रद्धालु की उपस्थिति पर कोई खास असर नहीं हुआ.

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By Prabhat Khabar News Desk

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