Araria News: समाज के हाशिये पर रहने वाले किन्नर समुदाय को कानूनी अधिकारों, सरकारी योजनाओं और मुफ्त विधिक सहायता से जोड़ने के उद्देश्य से शनिवार को अररिया में विशेष विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया. शिवपुरी वार्ड संख्या 09 स्थित विषहरी मंदिर, भूदान पानी टंकी के निकट आयोजित इस शिविर में बड़ी संख्या में किन्नर समुदाय के लोगों ने भाग लिया और अपने अधिकारों तथा सरकारी योजनाओं से जुड़ी जानकारी प्राप्त की.
यह शिविर बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार, पटना के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकार, अररिया के तत्वावधान में आयोजित किया गया. कार्यक्रम का उद्देश्य किन्नर समुदाय के लोगों को यह बताना था कि वे किन-किन सरकारी सुविधाओं और कानूनी अधिकारों के पात्र हैं तथा यदि किसी योजना का लाभ नहीं मिल रहा है तो उसे प्राप्त करने की प्रक्रिया क्या है.
कानून और सरकारी योजनाओं की दी गई जानकारी
शिविर में जिला विधिक सेवा प्राधिकार के पैनल अधिवक्ता रामनारायण मेहता ने कहा कि भारत और बिहार सरकार द्वारा किन्नर समुदाय के उत्थान के लिए विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं. उन्होंने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि कानून उनके अधिकारों की रक्षा के लिए उपलब्ध है और सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचना चाहिए.
उन्होंने सरकारी अस्पतालों में उपलब्ध मुफ्त इलाज, आधार कार्ड, पहचान पत्र और राशन कार्ड बनवाने में मिलने वाली विधिक सहायता तथा इंदिरा आवास योजना से संबंधित प्रक्रियाओं की जानकारी दी. शिविर में उन्होंने सरकारी नौकरियों में आरक्षण संबंधी प्रावधानों का भी उल्लेख किया.
दस्तावेजों की कमी बनी सबसे बड़ी समस्या
शिविर के दौरान यह बात सामने आई कि किन्नर समुदाय के कई लोगों के पास अब भी आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं. आधार कार्ड, पहचान पत्र और राशन कार्ड जैसी मूलभूत पहचान संबंधी सुविधाओं के अभाव में उन्हें कई सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है.
पैनल अधिवक्ता ने आश्वस्त किया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकार और विधिक सेवा केंद्र के माध्यम से दस्तावेज संबंधी समस्याओं के समाधान में निशुल्क सहायता उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि पात्र लोगों को सरकारी योजनाओं से जोड़ा जा सके.
राष्ट्रीय लोक अदालत में मामलों के निपटारे की अपील
शिविर में 12 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत की भी जानकारी दी गई. लोगों से अपील की गई कि यदि उनके कोई लंबित विवाद या मामले हैं, तो उन्हें सुलह-समझौते के माध्यम से लोक अदालत में निपटाने का प्रयास करें.
विधिक सेवा प्राधिकार ने बताया कि लोक अदालत के माध्यम से कई प्रकार के मामलों का त्वरित और कम खर्च में समाधान संभव होता है, जिससे आम लोगों को न्याय तक आसान पहुंच मिलती है.
Araria News: बड़ी संख्या में समुदाय के लोग रहे उपस्थित
कार्यक्रम में संगीता किन्नर, छोटी किन्नर, कोमल किन्नर, बबली किन्नर सहित बड़ी संख्या में किन्नर समुदाय के सदस्य उपस्थित रहे. शिविर के दौरान विभिन्न योजनाओं, दस्तावेजी सहायता और विधिक अधिकारों से जुड़े सवालों पर भी चर्चा की गई.
जिला विधिक सेवा प्राधिकार का मानना है कि इस तरह के जागरूकता शिविरों से समाज के वंचित और उपेक्षित वर्गों तक सरकारी योजनाओं और कानूनी सहायता की जानकारी अधिक प्रभावी ढंग से पहुंचाई जा सकती है.
