अररिया जिले में बाल विकास परियोजना के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों पर स्वास्थ्य एवं पोषण जागरूकता को लेकर लगातार गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं. इसी क्रम में शुक्रवार को आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 331 पर 'गोद भराई' एवं 'विश्व स्तनपान सप्ताह' के अवसर पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम में सीडीपीओ रेणु कुमारी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की और गर्भवती व धात्री महिलाओं को पोषण तथा शिशु स्वास्थ्य से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां दीं.
धूमधाम से निभाई गई सोनाली कुमारी की गोद भराई की रस्म
कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र की गर्भवती महिला सोनाली कुमारी की पारंपरिक रीति-रिवाज के साथ गोद भराई की रस्म संपन्न कराई गई. इस अवसर पर उपस्थित महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान सही देखभाल के नुस्खे बताए गए:
- संतुलित आहार व जांच: गर्भवती और धात्री माताओं को नियमित स्वास्थ्य जांच कराने, भोजन में हरे पत्तेदार सब्जियां, दालें और पोषाहार शामिल करने की सलाह दी गई.
- स्तनपान का महत्व: नवजात शिशु के जन्म के ठीक 1 घंटे के भीतर मां का पहला गाढ़ा पीला दूध (कीस) पिलाने के फायदे बताए गए.
"6 महीने तक केवल स्तनपान, कुपोषण पर कसना है शिकंजा"
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीडीपीओ रेणु कुमारी ने विश्व स्तनपान सप्ताह के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला:
सीडीपीओ रेणु कुमारी का वक्तव्य: "विश्व स्तनपान सप्ताह मनाने का मुख्य उद्देश्य माताओं को जागरूक करना है कि वे शिशु के जन्म से 6 महीने तक केवल स्तनपान कराएं. इसके बाद 2 साल तक स्तनपान के साथ-साथ पूरक आहार देना आवश्यक है. बच्चों को कुपोषण से बचाने के लिए आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से ऐसे जन-जागरूकता कार्यक्रम लगातार चलाए जाएंगे."
साफ-सफाई, टीकाकरण और पोषाहार वितरण पर जोर
महिला पर्यवेक्षक रूपा कुमारी ने उपस्थित महिलाओं को साफ-सफाई, बच्चों के समय पर टीकाकरण और सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया. वहीं आंगनबाड़ी सेविका मधु देवी ने केंद्र पर मिलने वाले पोषाहार और बच्चों के नियमित वजन जांच (Weight Monitoring) की प्रक्रिया साझा की.
कार्यक्रम में महिला पर्यवेक्षक रूपा कुमारी, आंगनबाड़ी सेविका मधु देवी, चेतन भगत, मुन्नी देवी, सहायिका बबीता देवी और बड़ी संख्या में स्थानीय लाभार्थी महिलाएं शामिल रहीं. अंत में सभी लाभार्थियों के बीच फल और पौष्टिक आहार का वितरण किया गया.
