रोजेदार गरमी में बरतें सावधानी, लापरवाही से बिगड़ सकती है सेहत

अररिया आरएस : मुकद्दस महीना रमजान रविवार से शुरू हो गया है. इस भीषण गरमी के बीच शुरू हुए रमजान में रोजेदारों को खाने-पीने में बहुत ही सावधानी बरतने की जरूरत है. खान-पान सही न होने से रोजेदारों की तबीयत बिगड़ सकती है और उन्हें मजबूरन रोजा तोड़ना पड़ सकता है. ऐसे में रोजेदारों को […]

अररिया आरएस : मुकद्दस महीना रमजान रविवार से शुरू हो गया है. इस भीषण गरमी के बीच शुरू हुए रमजान में रोजेदारों को खाने-पीने में बहुत ही सावधानी बरतने की जरूरत है. खान-पान सही न होने से रोजेदारों की तबीयत बिगड़ सकती है और उन्हें मजबूरन रोजा तोड़ना पड़ सकता है. ऐसे में रोजेदारों को सेहरी से लेकर इफ्तारी तक के खाने में बहुत सावधानी बरतनी चाहिए.
पाक महीना रमजान में मुसलमान पूरी अकीदत के साथ रोजा रखते और इबादत करते हैं. कोई रोजेदार यह नहीं चाहता है कि खुद का रोजा किसी कारण वश टूट जाए. हर कोई खुदा से अपनी अच्छी सेहत और इबादत की दुआ करता है, ताकि इस पूरे महीने खुदा की हुक्म की तामील हो सके. रोजा, नमाज, तिलावत-ए-कुरआन और नमाज-ए-तरावीह में कोई कमी नहीं रह जाए. रहमतों और बरकतों के इस महीने में हर कोई खुदा से अपनी गुनाहों की माफी के लिए दुआ करता है. अगर आप भी ऐसा चाहते हैं तो इस भीषण गर्मी में सेहरी से लेकर इफ्तारी तक के खाने-पीने में बहुत ही सावधानी बरतनी होगी.
ऐसे में अच्छी सेहत होने पर ही आप पूरे महीने रोजा रख सकते हैं. बीमारी की हालत में रोजा रखना जरूरी नहीं है. इसके बदले आप स्वस्थ होने पर रोजा रख सकते हैं. सदर अस्पताल में कार्यरत चिकित्सक डॉ विमल कुमार ने से जान लेते हैं कि इस दौरान एक रोजदार को क्या खाना चाहिए और किन-किन चीजों से परहेज करना चाहिए.

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