मिश्रित व वैकल्पिक फार्मिंग के सिखाये जायेंगे गुर
अररिया : जिले में आदीवासी समुदाय के आर्थिक व शैक्षणिक विकास के लिए कुछ नयी योजनाएं चलेंगी. खास ये कि विकास योजनाओं में नाबार्ड की पूरी सहभागिता होगी. इसके लिए फिलहाल रानीगंज व फारबिसगंज के आदिवासी बाहुल्य गांवों का चयन किया जा रहा है. इसी क्रम में बुधवार को अधिकारियों ने रानीगंज के पहुंसरा पंचायत का दौरा कर आदिवासी समुदाय के लोगों के साथ बैठक की.
जानकारी देते हुए जिला पंचायती राज पदाधिकारी धीरेंद्र मिश्रा ने बताया कि नाबार्ड के सहयोग से आदिवासी समुदाय के विास के लिए जिले में कार्यक्रम चलाये जायेंगे. उन्होंने बताया कि आदिवासी समुदाय को खेती बाड़ी के लिए बंदोबस्त की गयी जमीन के कुछ हिस्सों पर मिश्रित व वैकल्पिक खेती के लिए नाबार्ड आवश्यक सहयोग करेगा. ताकि जमीन पर तरह तरह के फसलों के अलावा फलदार व इमारती लकड़ियों के लिए वृक्ष लगाये जा सकें.
आदिवासी समुदाय को जीविका से जोड़ने के लिए भी कार्यक्रम चलाये जायेंगे. इन सबका मकसद उनका आर्थिक व शैक्षणिक विकास है. बताया गया कि बुधवार को उनके अलावा सदर एसडीओ व नाबार्ड की टीम के सदस्यों ने रानीगंज प्रखंड के पहुंसरा पंचायत स्थित कौआबाड़ी संथाल टोला का भ्रमाण किया. वहां करीब सात सौ से आठ सौ आदिवासी समुदाय के घर हैं.
