फारबिसगंज : फारबिसगंज से कथित अपहृत युवा व्यवसायी सह इंडो फार्म ट्रैक्टर शो रूम मेसर्स दीप्ति मोटर्स के प्रोपराइटर अजित चक्रवर्ती उर्फ मिथुन पिता विकास चंद्र यादव को स्थानीय पुलिस ने उनके परिजनों के सहयोग से बरामद कर लिया है. इस संदर्भ में डीएसपी अजित कुमार सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्ट्या अपहरण का मामला […]
फारबिसगंज : फारबिसगंज से कथित अपहृत युवा व्यवसायी सह इंडो फार्म ट्रैक्टर शो रूम मेसर्स दीप्ति मोटर्स के प्रोपराइटर अजित चक्रवर्ती उर्फ मिथुन पिता विकास चंद्र यादव को स्थानीय पुलिस ने उनके परिजनों के सहयोग से बरामद कर लिया है. इस संदर्भ में डीएसपी अजित कुमार सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्ट्या अपहरण का मामला संदिग्ध प्रतीत हो रहा है.
मगर उनके परिजनों के द्वारा दिये गये आवेदन पर स्थानीय थाना में कांड संख्या 690/17 दर्ज कर मामले का अनुसंधान किया जा रहा है. डीएसपी श्री सिंह ने बताया कि बरामद युवा व्यवसायी मिथुन के मुताबिक 05/09/17 को काली मेला रोड वार्ड संख्या सात स्थित उनके आवास पर लगभग 12:30 बजे एक स्विफ्ट कार आकर रुका और उसमें से एक आदमी उतरा. उसने बताया कि भैया मिलना चाहते हैं.
इसी क्रम में उक्त व्यक्ति ने पिस्टल सटा कर और मुंह में रूमाल सटा कर उसे ले के चला गया. इस क्रम में वह अचेतावस्था में चला गया. पीड़ित व्यवसायी ने पुलिस को बताया कि जब उसे होश आया तो वे अपने को एक मकई के गोदाम में पाया. इसके बाद अपराधियों ने उसे गोली आदि खिला कर एक ओमनी गाड़ी पर बैठा कर उसे नेपाल के सुनसरी जिला स्थित इटहरी गोलंबर के समीप ला कर छोड़ दिया. जिसके बाद वे नेपाल के ही एक ट्रैक्टर शो रूम में जा कर अपने परिजनों को घटना की जानकारी दी.
इसके बाद वह जोगबनी सीमा तक परिजनों के साथ आये. जहां फारबिसगंज पुलिस ने उन्हें अपने साथ थाना लाकर घटना की सारी जानकारी विस्तृत रूप से ली. इसके बाद उनको परिजनों को सुपुर्द कर दिया. पुलिस का कहना है कि बरामद व्यवसायी के बयान एवं घटना के बाद से परिजनों के बयान व प्राथमिकी में दी गयी जानकारी के अनुसार कई बातें आपस में नहीं मिल रही है. अपहरण क्यों किया गया और इसके पीछे क्या उद्देश्य था, पुलिस इस बात का पता लगा रही है. डीएसपी अजित कुमार सिंह ने कहा कि युवा व्यवसायी तो बरामद हो चुका है. पुलिस प्राथमिकी भी दर्ज कर चुकी है. मगर पुलिस इस अपहरण कांड मामले में कई बिंदुओं पर गहनतापूर्वक अनुसंधान कर रही है.