15 अगस्त को 7:29 में धोनी ने लिया था संन्यास, 6 साल बाद भी कायम है ‘कैप्टन कूल’ का ये रिकॉर्ड

15 अगस्त 2020 को महेंद्र सिंह धोनी ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास का ऐलान किया था. आज 6 साल बाद भी 'कैप्टन कूल' का एक ऐसा रिकॉर्ड कायम है जिसे कोई भारतीय विकेटकीपर तोड़ नहीं पाया है. जानिए क्या है वो खास उपलब्धि.

Mahendra Singh Dhoni Retirement on 15 Aug 2020: 15 अगस्त 2020 की शाम 7 बजकर 29 मिनट... भारतीय क्रिकेट फैंस शायद ही इस वक्त को कभी भूल पाएंगे. देश आजादी का जश्न मना रहा था और इसी बीच महेंद्र सिंह धोनी ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास का ऐलान कर दिया. महज एक पोस्ट ने करोड़ों फैंस को भावुक कर दिया था.

आज 15 अगस्त 2026 को धोनी के उस फैसले को छह साल पूरे हो गए हैं. छह साल बाद भी जब धोनी का नाम आता है तो फैंस के जेहन में 2011 विश्व कप की वो जीत, आखिरी गेंद तक मैच जिताने का भरोसा और विकेट के पीछे उनकी बिजली जैसी स्टंपिंग घूमने लगती है. लेकिन धोनी की विरासत सिर्फ इन यादों तक सीमित नहीं है. उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में विकेटकीपर के तौर पर ऐसा रिकॉर्ड बनाया, जिसे आज भी कोई भारतीय विकेटकीपर नहीं तोड़ पाया है.

2004 में शुरू हुआ था अंतरराष्ट्रीय सफर

धोनी ने 23 दिसंबर 2004 को बांग्लादेश के खिलाफ वनडे डेब्यू किया था. इसके बाद दिसंबर 2005 में उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ अपना टेस्ट डेब्यू किया. अपने शुरुआती दिनों में ही धोनी ने अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से पहचान बना ली थी.

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पाकिस्तान के खिलाफ खेली थी तूफानी पारी

धोनी ने 2005 में पाकिस्तान के खिलाफ वनडे में शानदार शतक लगाया था. उन्होंने सिर्फ 123 गेंदों में 15 चौके और 4 छक्कों की मदद से 148 रन बनाए थे. इसके बाद फरवरी 2006 में भी पाकिस्तान के खिलाफ महज 46 गेंदों में 72 रन की तेज पारी खेली थी.

कप्तानी मिली और रच दिया इतिहास

सितंबर 2007 में धोनी को पहली बार भारतीय टीम की कप्तानी सौंपी गई. उनकी कप्तानी में भारत ने उसी साल पहला टी20 विश्व कप जीता. इसके बाद 2011 में धोनी ने भारत को वनडे विश्व कप भी जिताया. भारत ने 28 साल के लंबे इंतजार के बाद विश्व कप अपने नाम किया था.

महेंद्र सिंह धोनी (फोटो-सोशल मीडिया)

धोनी का वो रिकॉर्ड जो आज भी कायम है

धोनी की कप्तानी के अलावा उनकी विकेटकीपिंग भी बेहद खास रही. वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा खिलाड़ियों को आउट करने वाले विकेटकीपरों की सूची में तीसरे नंबर पर हैं. धोनी ने 350 मैचों में कुल 444 खिलाड़ियों को आउट किया, जिसमें 321 कैच और 123 स्टंपिंग शामिल हैं.

संगकारा और गिलक्रिस्ट ही हैं आगे

इस रिकॉर्ड में श्रीलंका के कुमार संगकारा सबसे आगे हैं. उन्होंने 482 खिलाड़ियों को आउट किया. ऑस्ट्रेलिया के एडम गिलक्रिस्ट 472 शिकार के साथ दूसरे स्थान पर हैं. धोनी के 444 शिकार हैं.

आज भी याद आते हैं 'कैप्टन कूल'

15 अगस्त 2020 को धोनी के संन्यास के बाद भारतीय क्रिकेट का एक बड़ा अध्याय खत्म हुआ था. हालांकि, छह साल बाद भी उनके कई रिकॉर्ड कायम हैं और मैदान पर उनकी कप्तानी, विकेटकीपिंग और मैच फिनिश करने की क्षमता को क्रिकेट फैंस याद करते हैं. धोनी का अंतरराष्ट्रीय करियर भले ही खत्म हो चुका है, लेकिन उनकी विरासत आज भी कायम है.

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