गुरिंदरवीर की ऐतिहासिक जीत, मां ने खोला कामयाबी का राज

Gurindervir Singh: शनिवार को रांची के बिरसा मुंडा स्टेडियम में भारतीय खेलों के लिए एक नया इतिहास रचा गया. पंजाब के 25 साल के धावक गुरिंदरवीर सिंह ने नेशनल एथलेटिक्स प्रतियोगिता में पुरुषों की 100 मीटर रेस को सिर्फ 10.09 सेकेंड में पूरा कर लिया.

Gurindervir Singh: शनिवार को रांची के बिरसा मुंडा स्टेडियम में एक बड़ा इतिहास रचा गया. पंजाब के धावक गुरिंदरवीर सिंह ने न केवल नया नेशनल रिकॉर्ड बनाया. बल्कि वह 100 मीटर की दौड़ को 10.0-सेकेंड के दायरे में पूरा करने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं. इस ऐतिहासिक जीत पर उनकी माँ ने मीडिया से अपनी खुशी ज़ाहिर की और साथ ही युवाओं को नशीली चीज़ों से दूर रहने की सलाह भी दी.

मां रूपिंदर कौर ने क्या कहा

उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा- “हम बहुत खुश और गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं कि हमारे बच्चे ने इतिहास रच दिया. सभी रिश्तेदार फोन कर रहे हैं और हमें बधाई दे रहे हैं. बचपन में वह बहुत हंसमुख था. कोच भी बहुत अच्छे थे. उसके पिता का सपना था कि वह एक एथलीट बने. मैं युवाओं से कहना चाहती हूँ कि वे अपने माता-पिता की बात सुनें. अपनी पढ़ाई के साथ-साथ खेलों पर भी ध्यान दें और नशीली दवाओं के सेवन से भी दूर रहें.”

कॉमनवेल्थ गेम्स का टिकट पक्का

गुरिंदरवीर सिंह की यह दौड़ इस सीज़न में पूरे एशिया की दूसरी सबसे तेज़ दौड़ बन गई है. वह जापान के फुकुतो कोमुरो (10.08 सेकेंड) से महज़ 0.01 सेकेंड पीछे रह गए. इस शानदार टाइमिंग के साथ ही उन्होंने 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए भी आसानी से क्वालिफाई कर लिया है, जिसके लिए 10.16 सेकेंड का समय तय था। इस सीनियर फेडरेशन कप में गुरिंदरवीर ने अपने सबसे कड़े प्रतिद्वंद्वी अनिमेष कुजूर को  पीछे छोड़ दिया.

जीत का अंतर

फाइनल रेस में गुरिंदरवीर ने अनिमेष कुजूर से 0.11 सेकेंड पहले दौड़ पूरी की. जब वे फिनिश लाइन पर पहुंचे, तो वह अपने इस युवा प्रतिद्वंद्वी से कम से कम दो फीट आगे थे. वहीं, रिलायंस फाउंडेशन के ही प्रणव गुरव ने 10.29 सेकेंड का समय निकाला और वे इस रेस में तीसरे नंबर पर रहे.

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Published by: Ritu Raj

प्रभात खबर डिजिटल में स्पोर्ट्स कंटेंट राइटर के रूप में कार्यरत। खेल पत्रकारिता में एक साल का अनुभव और स्पोर्ट्स की हर छोटी-बड़ी खबर पर पैनी नजर। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय से मीडिया रिसर्च में मास्टर्स। उद्देश्य है पाठकों तक तेज, सटीक और विश्वसनीय स्पोर्ट्स कवरेज पहुँचाना।

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