कैंसर से जूझ रहे पूर्व गोल्‍ड मेडलिस्‍ट बॉक्‍सर डिंग्को सिंह को एयर ऐंबुलेंस से लाया जाएगा दि‍ल्‍ली

देश के पूर्व महान बॉक्‍सर डिंग्को सिंह (Former gold medalist boxer Dingko Singh ) इस समय कैंसर से जूझ रहे हैं. उन्‍हें बेहतर इलाज के लिए इंफाल से दिल्‍ली लाने की कोशिश की जा रही है. न्‍यूज एजेंसी एएनआई के अुनसार डिंग्को सिंह को स्पाइसजेट की एयर ऐंबुलेंस से दिल्‍ली लाया जाएगा. उन्‍हें 25 अप्रैल को दिल्‍ली लाया जाएगा.

नयी दिल्‍ली : देश के पूर्व महान बॉक्‍सर डिंग्को सिंह इस समय कैंसर से जूझ रहे हैं. उन्‍हें बेहतर इलाज के लिए इंफाल से दिल्‍ली लाने की कोशिश की जा रही है. न्‍यूज एजेंसी एएनआई के अुनसार डिंग्को सिंह को स्पाइसजेट की एयर ऐंबुलेंस से दिल्‍ली लाया जाएगा. उन्‍हें 25 अप्रैल को दिल्‍ली लाया जाएगा.

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देश में इस समय कोरोना वायरस के कारण देश भर में लॉकडाउन लगाया गया है, जो की 3 मई तक जारी रहेगा. लॉडाउन के कारण एशियन गेम्स के पूर्व गोल्ड मेडलिस्ट बॉक्सर डिंग्को सिंह को कोई दिक्‍कत न हो ये देखते हुए एयर ऐंबुलेंस से दिल्‍ली भेजने का फैसला किया गया है.

बॉक्‍सर की मदद के लिए आगे आये विजेंदर सिंह

भारत के महान बॉक्‍सर विजेंदर सिंह कैंसर से जूझ रहे डिंग्को सिंह की मदद के लिए आगे आये हैं. विजेंदर सिंह ने अपने कुछ साथियों के साथ मिलकर एक वॉट्सऐप ग्रुप बनाया है और एक लाख रुपये जमा करके सीधे डिंग्को सिंह के खाते में भेजे जाएंगे.

विजेंदर सिंह ने कहा, हमारा एक वॉट्सऐप ग्रुप है जिसका नाम है हममें है दम. मनोज ने इस पर डिंग्को सिंह के बारे में लिखा, ‘हमने उनके बैंक खाते की जानकारी ली और अब पैसे इकट्ठे कर रहे हैं.’

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गौरतलब है कि मणिपुर के 41 वर्षीय डिंग्को सिंह ने 1998 एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीता था और देश का मान बढ़ाया था. उन्हें साल 2013 में पद्मश्री से नवाजा गया था.

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लेखक के बारे में

Published by: Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

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