पंजाब, मध्य प्रदेश और राजस्थान ने नये मोटर वाहन अधिनियम को स्थगित करने या पुनर्विचार करने की मांग की है. उनका यह निर्णय स्वागतयोग्य है. अधिकतर परिवारों की मासिक आय 10 हजार या उससे कम है.
उस घर का नाबालिग बच्चा बिना अभिभावक को बताये, दोपहिया वाहन लेकर बाहर चला जाता है, तो क्या उसके अभिभावक 25 हजार रुपया का जुर्माना भर सकेंगे? मदिरा पान करके चलाने पर 10 हजार. शहर के बीचों बीच जो मदिरालयों के लाइसेंस दिये गये हैं, क्या उनमें लोग पैदल जायेंगे?
इस संशोधन ने बीमा कंपनियों को खूब फायदा पहुंचाया गया है. मतलब एक्सीडेंट से मृत्यु पर पांच और घायल होने पर ढाई लाख की ही राशि निर्धारित की गयी है. पहले मृतक के हैसियत और जिम्मेदारियों से मुआवजा तय होता था, जो 50 लाख भी हो सकता था. इसलिए इस संशोधित नियम से बहुत कुछ बदलने वाला नहीं है.
जंग बहादुर सिंह, गोलपहाड़ी, जमशेदपुर
