लंबी लड़ाई में मिली सफलता

भारत की संसद ने तत्काल तीन तलाक को आपराधिक कृत्य करार देने वाले कानून के लिए अपनी मुहर लगा दी है. इसके साथ ही बढ़ते भारत, शिक्षित भारत और सबको समान अधिकार वाले भारत में मुस्लिम बहनों को न्याय मिलने का रास्ता साफ हो गया है. स्पष्ट है कि अब किसी ने इस अमानवीय विशिष्ट […]

भारत की संसद ने तत्काल तीन तलाक को आपराधिक कृत्य करार देने वाले कानून के लिए अपनी मुहर लगा दी है. इसके साथ ही बढ़ते भारत, शिक्षित भारत और सबको समान अधिकार वाले भारत में मुस्लिम बहनों को न्याय मिलने का रास्ता साफ हो गया है.
स्पष्ट है कि अब किसी ने इस अमानवीय विशिष्ट अधिकार का दुरुपयोग किया, तो उसे जेल जाना पड़ेगा. अफसोस इतना ही है कि जो अधिकार मुस्लिम महिलाओं को पहले मिल जाना चाहिए था, उसके लिए सरकार को लंबी लड़ाई लड़नी पड़ी.
संख्या बल में हावी विपक्ष दो बार राज्यसभा में इसे रोक चुका था, लेकिन सरकार के लगन व कुशल राजनीतिक प्रबंधन ने इस बार बाजी पलट दी और जैसा पीएम मोदी ने कहा कि एक मध्यकालीन प्रथा इतिहास के कूड़ेदान तक सीमित हो गयी. विश्वास है कि यह कानून महिलाओं को न्याय दिलाने वाले एक बड़े सामाजिक क्रांति का आधार बनेगा.
चंदन कुमार, देवघर

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