शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और एकनाथ शिंदे गुट के सांसदों के बीच हुई मुलाकात पर हमला बोला. एएनआई न्यूज एजेंसी के मुताबिक,उद्धव उन्होंने प्रधानमंत्री की प्राथमिकताओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि पीएम मोदी के पास दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे देश के Gen Z युवाओं से मिलने का बिल्कुल भी समय नहीं है, लेकिन पार्टी छोड़कर जाने वाले गद्दारों से मिले का समय है.
सुप्रीम कोर्ट में अंतिम चरण में सुनवाई
मुंबई में पत्रकारों से बात करते हुए उद्धव ठाकरे ने कहा कि पार्टी के सिंबल और अयोग्यता से जुड़ा उनका मामला पिछले चार सालों से सुप्रीम कोर्ट में लंबित है. हालांकि, अब ऐसा प्रतीत हो रहा है कि कोर्ट में सुनवाई अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी है और लगातार प्रक्रिया जारी है.
उद्धव ठाकरे कहा कि पीएम को उन युवाओं की मांगों को सुनने के बजाय पार्टी छोड़कर जाने वाले 'गद्दारों' से मुलाकात कर रहे हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि इस मुलाकात के जरिए बागी नेताओं को यह भरोसा दिलाने की कोशिश की जा रही है कि डरो मत, मैं तुम्हारे साथ हूँ.
केंद्रीय नेतृत्व और प्रशासन को कड़ा संदेश
उद्धव ठाकरे ने सवाल उठाया कि आखिर प्रधानमंत्री का यह आश्वासन किसके लिए है? उन्होंने पूछा कि क्या यह संदेश गृह मंत्री अमित शाह, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, प्रशासनिक तंत्र या फिर पार्टी के अंदर मौजूद उन अन्य लोगों को दिया गया है जो भविष्य में गद्दारी करने की सोच रहे हैं? ठाकरे का यह बयान आगामी चुनावों से पहले शिंदे गुट और भाजपा पर आक्रामक राजनीतिक दबाव बनाने की रणनीति का हिस्सा है.
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