South Korea Stampede: हैलोवीन भगदड़ में 151 की मौत, दिल्ली दूतावास में कोरियाई राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका

हैलोवीन भगदड़ को लेकर जो ताजा अपडेट है, उसके अनुसार मरने वालों की संख्या बढ़कर 151 हो गयी है, जबकि अबतक भी बड़ी संख्या में लोग घायल हैं, जिनका इलाज अस्पताल में कराया जा रहा है.

दक्षिण कोरिया की राजधानी सियोल में हैलोवीन के दौरान भीड़ के एक संकरी गली में घुसने के प्रयास से मची भगदड़ में कुचलकर मरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर 151 हो गई है, जबकि 82 अन्य घायलों का इलाज जारी है. इस घटना पर भारत के विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने शोक व्यक्त किया है. इधर सियोल हैलोवीन भगदड़ में 151 लोगों की मौत का शोक मनाता हुए, नयी दिल्ली में कोरिया के दूतावास के ऊपर दक्षिण कोरियाई राष्ट्रीय ध्वज को आधा झुका दिया गया है.

भारत हमेशा एकजुटता के साथ खड़ा : एस जयशंकर

भारत के विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर ने हैलोवीन भगदड़ में जान गंवाने वालों के परिवारवालों के प्रति संवेदना व्यक्त की है. उन्होंने कहा, भारत इस कठिन समय में दक्षिण कोरिया के साथ एकजुटता के साथ खड़ा है.


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हैलोवीन भगदड़ में मरने वालों की संख्या बढ़कर 151 हुई

हैलोवीन भगदड़ को लेकर जो ताजा अपडेट है, उसके अनुसार मरने वालों की संख्या बढ़कर 151 हो गयी है, जबकि अबतक भी बड़ी संख्या में लोग घायल हैं, जिनका इलाज अस्पताल में कराया जा रहा है.

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मृतकों और घायलों में ज्यादातर किशोर और 20 साल के युवा शामिल

आपातकालीन कर्मियों और राहगीरों ने राजधानी के इटेवन जिले में शनिवार को मची भगदड़ के बाद सड़कों पर पड़े लोगों को सांस दिलाने की कोशिश की. सियोल के योंगसन अग्निशमन विभाग के प्रमुख चोई सेओंग-बीओम के अनुसार, मृतकों और घायलों में ज्यादातर किशोर और 20 वर्ष के आसपास की आयु के युवा शामिल हैं. उन्होंने कहा कि मृतकों में 19 विदेशी भी हैं, जिनकी राष्ट्रीयता के बारे में तत्काल कोई जानकारी नहीं दी गई है. घायलों में से 19 की हालत नाजुक है, लिहाजा मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है. इटेवन में देश के सबसे बड़े आउटडोर ‘हैलोवीन’ उत्सव के लिए लगभग 100,000 लोग एकत्रित हुए थे.

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लेखक के बारे में

अरबिंद कुमार मिश्रा वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल में एक अनुभवी पत्रकार के रूप में कार्यरत हैं. अप्रैल 2011 से संस्थान का हिस्सा रहे अरबिंद के पास पत्रकारिता के क्षेत्र में बतौर रिपोर्टर और डेस्क एडिटर 15 वर्षों से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वह नेशनल और इंटरनेशनल डेस्क की जिम्मेदारी संभालने के साथ-साथ एक पूरी शिफ्ट का नेतृत्व (Shift Lead) भी कर रहे हैं. विशेषज्ञता और अनुभव अरबिंद की लेखनी में खबरों की गहराई और स्पष्टता है. उनकी मुख्य विशेषज्ञता इन क्षेत्रों में है. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मामले: वैश्विक राजनीति और देश की बड़ी घटनाओं पर पैनी नजर. खेल पत्रकारिता: झारखंड में आयोजित 34वें नेशनल गेम्स से लेकर JSCA स्टेडियम में हुए कई अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव. झारखंड की संस्कृति: राज्य की कला, संस्कृति और जनजातीय समुदायों की समस्याओं और उनकी जीवनशैली पर विशेष स्टोरीज. पंचायतनामा: ग्रामीण विकास और जमीनी मुद्दों पर 'पंचायतनामा' के लिए विशेष ग्राउंड रिपोर्टिंग. करियर का सफर प्रभात खबर डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत करने वाले अरबिंद ने पत्रकारिता के हर आयाम को बखूबी जिया है. डिजिटल मीडिया की बारीकियों को समझने से पहले उन्होंने आकाशवाणी (All India Radio) और दूरदर्शन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में एंकरिंग के जरिए अपनी आवाज और व्यक्तित्व की छाप छोड़ी है. शिक्षा और योग्यता UGC NET: अरबिंद मिश्रा ने यूजीसी नेट (UGC NET) उत्तीर्ण की है. मास्टर्स (MA): रांची यूनिवर्सिटी के जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग से एमए की डिग्री. ग्रेजुएशन: रांची यूनिवर्सिटी से ही मास कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म में स्नातक.

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