Nirbhaya Case: क्या वारदात के वक्त दोषी मुकेश नहीं था दिल्ली में, फिर नया पैंतरा

nirbhaya case: वारदार के वक्त दोषी मुकेश दिल्ली में मौजूद नहीं था. यह कहना खुद मुकेश का है जिसने अब दिल्ली उच्च न्यायालय का रुख किया है.

Nirbhaya Case: निर्भया मामले में सजायाफ्ता दोषी फांसी से बचने का हरसंभव प्रयास कर रहे हैं. इस क्रम में बुधवार को दोषी मुकेश सिंह ने निचली अदालत के आदेश के खिलाफ दिल्ली उच्च न्यायालय में अपील कर कहा कि वारदात के समय वह दिल्ली में मौजूद ही नहीं था. मुकेश की अपील पर न्यायालय आज ही दोपहर बाद सुनवाई करेगा. इधर मंगलवार को एक दोषी पवन गुप्ता ने आखिरी प्रयास के तहत उच्चतम न्यायालय में एक सुधारात्मक याचिका दायर की है. आपको बता दें कि 20 मार्च की सुबह चारों दोषियों को फांसी की सजा दी जाएगी जिसके लिए डेथ वारंट पहले ही जारी हो चुका है.

उच्चतम न्यायालय में ताजा सुधारात्मक याचिका दायर

मामले के दोषियों में से एक पवन गुप्ता ने आखिरी प्रयास के तहत उच्चतम न्यायालय में एक सुधारात्मक याचिका दायर की है. पवन गुप्ता ने यह सुधारात्मक याचिका उस पुनर्विचार याचिका को खारिज किये जाने के खिलाफ दायर की है जिसमें उसके किशोर होने का दावा खारिज किया गया था. उच्चतम न्यायालय ने दोषी पवन गुप्ता की उस समीक्षा याचिका को 31 जनवरी को खारिज कर दिया था, जिसमें उसने अदालत के उस फैसले की समीक्षा करने की अपील की थी जिसमें उसके नाबालिग होने के दावे को 20 जनवरी को खारिज कर दिया गया था. पुनर्विचार याचिका न्यायमूर्ति आर भानुमति, न्यायमूर्ति अशोक भूषण और न्यायमूर्ति ए एस बोपन्ना ने चैंबर में सुनवायी करके खारिज कर दी थी.

तीन बार टल चुकी है फांसी

निर्भया के दोषियों के लिए चौथी बार डेथ वारंट जारी किया गया है. इससे पहले दिल्‍ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने तीन बार डेथ वारंट जारी किया था. पहली बार 22 जनवरी को, दूसरी बार 1 फरवरी और तीसरी बार 3 मार्च को. लेकिन तीनों बार निर्भया के दोषियों ने कानूनी हथकंडा अपनाकर फांसी को टालने में सफल रहे. गौरतलब है कि इससे पहले भी पवन जल्लाद को जनवरी माह में तिहाड़ जेल बुलाया गया था और उसने वहां फांसी देने का अभ्यास भी किया था, लेकिन उस वक्त फांसी टल गयी थी.

पवन जल्लाद ने किया अभ्‍यास

पवन जल्लाद ने निर्भया बलात्कार एवं हत्याकांड के दोषियों को फांसी पर चढ़ाने की निर्धारित तारीख से तीन दिन पहले मंगलवार को तिहाड़ जेल प्रशासन को रिपोर्ट की. बुधवार सुबह उसने फांसी देने से संबंधित अभ्‍यास भी किया. जेल के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार पवन मंगलवार को तिहाड़ जेल पहुंचा है.

20 मार्च को फांसी

पांच मार्च को यहां एक निचली अदालत ने निर्भया बलात्कार एवं हत्याकांड के दोषियों– मुकेश सिंह (32), पवन गुप्ता (25), विनय शर्मा (26) और अक्षय कुमार सिंह (31) को फांसी पर चढ़ाने की नयी तारीख 20 मार्च, सुबह साढ़े पांच तय की. जेल प्रशासन ने फांसी पर चढ़ाने की नयी तारीख जारी होने के बाद दोषियों के परिवारों को पत्र लिखा है. उनकी मौत की सजा पर तामील तीन बार टली है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Published by: Amitabh kumar

डिजिटल जर्नलिज्म में 14 वर्षों से अधिक का अनुभव है. करियर की शुरुआत Prabhatkhabar.com से की. राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय खबरों पर अच्छी पकड़ है. राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर गहन लेखन का अनुभव रहा है. तथ्यपरक रिपोर्टिंग और विश्लेषणात्मक लेखन में विशेष रुचि है. ट्रेंडिंग और ब्रेकिंग खबरों पर लगातार फोकस रहता है.
और पढ़ें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >