Mizoram Rajya Sabha Election: मिजोरम की एकमात्र राज्यसभा सीट पर हुए चुनाव में सत्तारूढ़ जोरम पीपुल्स मूवमेंट (ZPM) के उम्मीदवार के. लालतलुआंगकिमा ने शानदार जीत दर्ज की है. इस जीत के साथ ही जेडपीएम ने इतिहास रच दिया है, क्योंकि यह पहला अवसर है जब पार्टी का कोई प्रतिनिधि संसद के उच्च सदन यानी राज्यसभा में पहुंचेगा. गुरुवार को घोषित चुनाव परिणाम में लालतलुआंगकिमा ने विपक्षी मिजो नेशनल फ्रंट (MNF) की उम्मीदवार जोथानसांगी ह्मार को हराकर सीट अपने नाम की.
26 वोट हासिल कर दर्ज की जीत
विधानसभा सचिव एवं निर्वाचन अधिकारी जोथानसांगा राल्ते के अनुसार, राज्यसभा चुनाव में कुल 36 वोट पड़े, जिनमें से के. लालतलुआंगकिमा को 26 मत मिले. वहीं, एमएनएफ उम्मीदवार जोथानसांगी ह्मार को उनकी पार्टी के सभी 10 विधायकों का समर्थन मिला और उन्हें कुल 10 वोट प्राप्त हुए. जेडपीएम के पास विधानसभा में स्पष्ट बहुमत होने के कारण शुरुआत से ही लालतलुआंगकिमा की जीत लगभग तय मानी जा रही थी.
पहली बार राज्यसभा में पहुंचेगी जेडपीएम
के. लालतलुआंगकिमा की जीत केवल एक चुनावी सफलता नहीं है, बल्कि जेडपीएम के राजनीतिक सफर में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि भी है. पार्टी पहली बार राज्यसभा में अपना प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने में सफल रही है, जिससे राष्ट्रीय स्तर पर उसकी मौजूदगी और मजबूत होगी.
तीन विधायकों ने नहीं किया मतदान
राज्यसभा चुनाव के दौरान तीन विधायकों ने मतदान प्रक्रिया में हिस्सा नहीं लिया. इनमें बीजेपी के विधायक के. बेइचहुआ और के. हराहमो के अलावा कांग्रेस के एकमात्र विधायक सी. न्गुनलिआनचुंगा शामिल हैं. कांग्रेस विधायक सी. न्गुनलिआनचुंगा ने पहले ही साफ कर दिया था कि उन्होंने पार्टी आलाकमान के निर्देश के अनुसार मतदान से दूरी बनाई. वहीं, भाजपा के मीडिया संयोजक जॉनी लालथानपुइया ने बताया कि पार्टी के दोनों विधायकों ने भी राज्यसभा चुनाव में वोट नहीं डाला.
स्वास्थ्य कारणों से वोट नहीं डाल सके एक विधायक
निर्वाचन अधिकारी जोथानसांगा राल्ते ने बताया कि विधायक डब्ल्यू. छुआनावमा स्वास्थ्य संबंधी कारणों की वजह से मतदान नहीं कर सके. इस प्रकार कुल 40 सदस्यीय विधानसभा में से 36 विधायकों ने मतदान किया, जबकि चार सदस्य वोटिंग प्रक्रिया से बाहर रहे.
