IRCTC/Indian Railways : इस वजह से रेलवे ने 5 ट्रेनों को किया रद्द, 9 का रूट डायवर्ट, देखें लेटेस्ट अपडेट

IRCTC/Indian Railways, 5 trains cancelled, 7 trains short terminated, 9 trains diverted, farmers protest, Punjab, Northern Railway पंजाब में किसान आंदोलन के कारण रेलवे ने पांच ट्रेनों को रद्द कर दिया है. जबकि 7 ट्रेनों को कुछ समय के लिए और 9 ट्रेनों के रूट को बदला गया है. इससे पहले रेलवे ने अमृतसर जाने वाली ट्रेनों का मार्ग बदलने का फैसला लिया.

IRCTC/Indian Railways news : पंजाब में किसान आंदोलन (farmers protest) के कारण रेलवे ने पांच ट्रेनों को रद्द कर दिया है. जबकि 7 ट्रेनों को कुछ समय के लिए और 9 ट्रेनों के रूट को बदला गया है. इससे पहले रेलवे ने अमृतसर जाने वाली ट्रेनों का मार्ग बदलने का फैसला लिया.

केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ धरने पर बैठे एक किसान संगठन ने पटरियों पर से हटने से इनकार कर दिया, जिसके बाद रेलवे को ऐसा फैसला लेना पड़ा. पिछले सप्ताह करीब 30 किसान संगठनों ने यात्री ट्रेनों को लेकर की गई अपनी नाकेबंदी 15 दिनों के लिए हटाने पर सहमति व्यक्त की थी.

इधर पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने इस कदम की आलोचना की है. अमृतसर के उपायुक्त गुरप्रीत सिंह खैरा ने मंगलवार को बताया कि किसान संगठन ने यहां से करीब 25 किलोमीटर दूर जंडियाला रेलवे स्टेशन पर रेलमार्ग को बाधित कर रखा है. अधिकारियों के अनुसार इसके चलते, अमृतसर आने वाली कई ट्रेनों को मार्ग बदल कर तरणतारण भेजा गया है और कुछ ट्रेनों को तो मंगलवार की सुबह ब्यास रेलवे स्टेशन पर ही रोक दिया गया. यात्रियों को बसों एवं अन्य वाहनों से अमृतसर पहुंचाया गया.

केंद्र ने पंजाब के किसानों को तीन दिसंबर को बातचीत के लिए बुलाया

केंद्र सरकार ने कृषि कानूनों का विरोध कर रहे पंजाब के किसानों को तीन दिसंबर को दूसरे दौर की बातचीत के लिए बुलाया है. पंजाब की किसान यूनियनों द्वारा नये कृषि कानूनों का विरोध किया जा रहा है. केंद्र ने अब यूनियनों को मंत्रिस्तरीय बातचीत के लिए आमंत्रित किया है. इससे पहले पंजाब के किसान नेताओं ने सोमवार को अपने ‘रेल रोको’ आंदोलन को वापस लेने की घोषणा करते हुए एक और मंत्रिस्तरीय बैठक की शर्त रखी थी. इसके बाद किसानों ने अपने करीब दो माह के रेल रोको आंदोलन को वापस लेते हुए सिर्फ मालगाड़ियों के लिए रास्ता खोल दिया.

क्यों विरोध कर रहे हैं किसान

पंजाब के किसान नए कृषि कानूनों को हटाने और उनके स्थान पर नये कानून लाने की मांग कर रहे हैं. किसानों का कहना है कि नये कानून सभी अंशधारकों के साथ व्यापक विचार-विमर्श के बाद लाए जाने चाहिए. इसके अलावा किसान न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) के मोर्चे पर भी गारंटी चाहते हैं. उनको आशंका है कि इन कानूनों से एमएसपी समाप्त हो सकता है. हालांकि, केंद्र ने इस आशंका को खारिज किया है.

Posted By – Arbind Kumar Mishra

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Agency

Published by: Prabhat Khabar

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >