Indian Navy: चीन को चुनौती! आईएनएस इंफाल से बढ़ेगी भारत की ताकत, जानें इसकी खास बातें

Indian Navy: आईएनएस इंफाल को पनडुब्बियों को निशाना बनाने वाले रॉकेट लॉन्चर और 76एमएम की सुपर रैपिड गन से भी लैस किया गया है. चीन के बढ़ते प्रभुत्व के बीच भारत के लिए स्वदेशी युद्धक जहाज आईएनएस इंफाल खास महत्व रखता है. जानें इसकी खासियत

Indian Navy: भारत का स्वदेशी युद्धक जहाज आईएनएस इंफाल की चर्चा इन दिनों हो रही है जो नौसेना में शामिल होने जा रहा है. सतह से सतह पर मार करने वाली ब्रह्मोस मिसाइलों से लैस स्वदेश निर्मित स्टील्थ गाइडेड मिसाइल विध्वंसक ‘आईएनएस इंफाल’ मंगलवार को भारतीय नौसेना में शामिल होने जा रहा है. इसके बाद हिंद महासागर में चीन की बढ़ती गतिविधियों के बीच भारत की समुद्री क्षमता मजबूत होगी. आपको बता दें कि यह पहला युद्धपोत है जिसका नाम खास है. ऐसा इसलिए क्योंकि इंफाल मणिपुर की राजधानी है और पूर्वोत्तर क्षेत्र के किसी शहर के नाम पर स्वदेशी युद्धक जहाज का नाम रखा गया है. राष्ट्रपति ने अप्रैल 2019 में इसकी मंजूरी दी थी. आइए जानते हैं इसकी खास बातें…

-युद्धपोत को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी में मुंबई स्थित नौसेना की गोदी (डॉकयार्ड) में आयोजित एक समारोह में शस्त्र बल में शामिल किया जाएगा जिसका पूरे देश को इंतजार है.

-युद्धपोत का नाम मणिपुर की राजधानी इंफाल के नाम पर रखा गया है जो राष्ट्रीय सुरक्षा और समृद्धि के लिए पूर्वोत्तर क्षेत्र के महत्व को दर्शाता है.

-युद्धपोत का वजन 7,400 टन है और इसकी कुल लंबाई 164 मीटर है.

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-यह युद्धपोत सतह से सतह पर मार करने वाली मिसाइलों और पोत विध्वंसक मिसाइलों तथा टॉरपीडो से लैस है जिससे इसको ताकत मिलेगी.

-बंदरगाह और समुद्र दोनों में व्यापक परीक्षण कार्यक्रम पूरा करने के बाद आईएनएस इंफाल 20 अक्टूबर को भारतीय नौसेना को सौंपने का काम किया गया था. इसके बाद, पोत ने पिछले महीने विस्तारित-रेंज वाली सुपरसोनिक ब्रह्मोस मिसाइल का सफलतापूर्वक परीक्षण किया.

-आईएनएस इंफाल विशाखापत्तनम श्रेणी के डेस्ट्रॉयर है, जिसे भारतीय नौसेना ने ही डिजाइन किया. हमारे देश भारत में ही इसका निर्माण किया गया है.

-आईएनएस इंफाल को पनडुब्बियों को निशाना बनाने वाले रॉकेट लॉन्चर और 76एमएम की सुपर रैपिड गन से भी लैस किया गया है.

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-आईएनएन इंफाल की बात करें तो यह परमाणु हमले, जैविक हमले और रसायनिक हमले की स्थिति में भी लड़ने में सक्षम है.

-आपको बता दें कि हिंद महासागर में चीन के बढ़ते प्रभाव के जवाब में भारतीय नौसेना भी लगातार अपनी क्षमताओं को बढ़ाने में लगी हुई है. आईएनएस इंफाल के नौसेना में शामिल होने के बाद भारत की युद्धक क्षमताएं और बेहतर हो जाएगी.

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Author: Amitabh Kumar

अमिताभ कुमार झारखंड की राजधानी रांची के रहने वाले हैं और पिछले कई वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. डिजिटल न्यूज में अच्छी पकड़ है और तेजी के साथ सटीक व भरोसेमंद खबरें लिखने के लिए जाने जाते हैं. वर्तमान में अमिताभ प्रभात खबर डिजिटल में नेशनल और वर्ल्ड न्यूज पर फोकस करते हैं और तथ्यों पर आधारित खबरों को प्राथमिकता देते हैं. हरे-भरे झारखंड की मिट्टी से जुड़े अमिताभ ने अपनी शुरुआती पढ़ाई जिला स्कूल रांची से पूरी की और फिर Ranchi University से ग्रेजुएशन के साथ पत्रकारिता की पढ़ाई की. पढ़ाई के दौरान ही साल 2011 में रांची में आयोजित नेशनल गेम को कवर करने का मौका मिला, जिसने पत्रकारिता के प्रति जुनून को और मजबूत किया.1 अप्रैल 2011 से प्रभात खबर से जुड़े और शुरुआत से ही डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय रहे. खबरों को आसान, रोचक और आम लोगों की भाषा में पेश करना इनकी खासियत है. डिजिटल के साथ-साथ प्रिंट के लिए भी कई अहम रिपोर्ट कीं. खासकर ‘पंचायतनामा’ के लिए गांवों में जाकर की गई ग्रामीण रिपोर्टिंग करियर का यादगार अनुभव है. प्रभात खबर से जुड़ने के बाद कई बड़े चुनाव कवर करने का अनुभव मिला. 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के साथ-साथ झारखंड विधानसभा चुनावों (2014, 2019 और 2024) की भी ग्राउंड रिपोर्टिंग की है. चुनावी माहौल, जनता के मुद्दे और राजनीतिक हलचल को करीब से समझना रिपोर्टिंग की खास पहचान रही है.

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