पूरा देश इन दिनों संपूर्ण लॉकडाउन और सीलिंग की वजह से कैद है. बावजूद इसके कोरोना वायरस का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा. दिल्ली में निजामुद्दीन मरकज के बाद चांदनी महल इलाके में कोरोना विस्फोट हुआ है. इस इलाके की 13 मस्जिदों से 102 जमातियों को निकाला गया था, जिसमें से 52 कोरोना पॉजिटिव निकले हैं. मस्जिदों से निकाले गए बहुत से जमाती निजामुद्दीन मरकज से आये थे, इनमें विदेशी भी हैं.
चांदनी महल इलाके में कोरोना से तीन लोगों की 3 दिन में मौत हो चुकी है. 6 अप्रैल को इन सब लोगों को चांदनी महल इलाके की अलग-अलग 13 मस्जिदों में से निकालकर गुलाबी बाग के क्वारंटीन सेंटर में रखा गया था. 52 लोगों को कोरोना पॉजिटिव मिलने के बाद सेंट्रल दिल्ली के डीएम ने सख्त आदेश दिए हैं कि पूरे इलाके को तुरंत सील किया जाए और जरूरी सामान घर तक पहुंचाने के लिए बोला है. बता दें कि कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए दिल्ली सरकार ने अब तक कुल 30 कोरोना हॉटस्पॉट इलाकों को सील कर दिया है.
चांदनी महल को सरकार ने कंटेनमेंट जोन घोषित कर दिया है. यहां बिल्कुल कर्फ्यू जैसे हालात हैं. पूरे इलाके को सेनिटाइज किया जा रहा है. उन लोगों को भी पहचान करने की कोशिश की जा रही है जो इनके कॉन्टेक्ट में आये हैं. बता दें कि दिल्ली में कोरोना के मामले 900 से ज्यादा हो गए हैं और लगातार होती मौत की खबरें भी आ रही है. संक्रमित होने वालों में 584 मरकज से जुड़े लोग हैं.
दिल्ली में अब तक इस रोग से 14 लोगों की मौत हो चुकी है. दिल्ली सरकार ने कोरोना के खिलाफ ठोस से ठोस कदम उठाने और राजधानी के चप्पे-चप्पे पर नजर रखने के लिए ड्रोन्स को काम पर लगा दिया है जिससे सैनेटाइजेशन के काम में आसानी हो.दिल्ली पुलिस ने बिना मॉस्क लगाए घर से बाहर निकलने वाले 137 लोगों पर केस दर्ज किए हैं.
