Gujrat Corona Update: मास्क नहीं लगाया तो ‘कोविड हॉस्पिटल’ में करनी होगी मरीजों की सेवा

गुजरात हाईकोर्ट ने एक नया आदेश जारी किया है. हाईकोर्ट ने कहा कि जो लोग मास्क नहीं पहने हुए हैं उन्हें कोविड हॉस्पिटल और कोविड 19 देखभाल केंद्रों में अनिवार्य रूप से सेवा करने की सजा दी जाए.

By Prabhat Khabar Digital Desk | December 2, 2020 2:26 PM

अहमदाबाद: एक्टिव कोरोना मरीजों की संख्या में कमी नहीं आ रही है. सरकार लगातार नागरिकों को आगाह कर रही है. मास्क लगाने को कह रही है लेकिन लोग लापरवाही बरत रहे हैं. अब गुजरात में मास्क नहीं लगाने वालों के लिए एक अनोखी सजा का एलान किया गया है. सजा काफी रचनात्मक है लेकिन, काफी लोग इसे करने में कतराएंगे भी. चलिए इस स्टोरी में जानते हैं कि आखिरकार गुजरात में मास्क नहीं लगाने वाले नागरिकों को क्या सजा दी जाने वाली है.

गुजरात में बढ़े कोरोना के एक्टिव मरीज

दरअसल गुजरात उन राज्यों में शामिल है जहां त्योहारी सीजन बीतने के बाद कोरोना के एक्टिव मामलों में काफी इजाफा हुआ है. इसलिए गुजरात हाईकोर्ट ने एक नया आदेश जारी किया है. हाईकोर्ट ने कहा कि जो लोग मास्क नहीं पहने हुए हैं उन्हें कोविड हॉस्पिटल और कोविड 19 देखभाल केंद्रों में अनिवार्य रूप से सेवा करने की सजा दी जाए. गुजरात उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार से इस बारे में एक अधिसूचना पारित करने को कहा है.

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मास्क नहीं लगाने पर मिलेगी अनोखी सजा

गुजरात सरकार ने हालिया दिनों में महामारी की रफ्तार को कम करने के लिए कई सारे उपायों की घोषणा की है. कोरोना की सबसे कारगर जांच आरटीपीसीआर की कीमतों में कमी लाई गई है. बीते मंगलवार को डिप्टी सीएम नितिन पटेल ने घोषणा की थी कि निजी प्रयोगशाला में आरपीटीसीआर जांच के लिए 800 रुपये का भुगतान करना होगा. वहीं कोई व्यक्ति अपने घर में ही जांच करवाना चाहता है तो उसे 1,100 रुपये का भुगतान करना होगा. इससे पहले ये रकम क्रमश 1500 और 2000 रुपये थी.

महामारी पर नियंत्रण के लिए सरकार की कोशिश

सरकार ने राज्य के 4 बड़े शहरों, अहमदाबाद, राजकोट, सूरत और वडोदरा में नाईट कर्फ्यू की घोषणा की है. इन शहरों में 23 नवंबर से ही रात 9 बजे से सुबह 6 बजे तक नाईट कर्फ्यू की घोषणा की गई है. पहले चर्चा थी की राज्य में 23 नवंबर से स्कूल और कॉलेज खोल दिए जाएंगे लेकिन बढ़ते कोरोना केस की वजह से ये फैसला टाल दिया गया.

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इस बीच लोगों को मास्क लगाने के प्रति जागरूक और सावधान करने के लिए गुजरात उच्च न्यायालय ने कोविड हॉस्पिटल में सेवा देने की अनोखी सजा सुनाई है. एक शोध में कहा गया है कि लोग मास्क लगाने के गाइडलाइन का सही तरीके से पालन करें तो 70 फीसदी तक कोरोना महामारी पर नियंत्रण हासिल किया जा सकता है.

Posted By- Suraj Thakur

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