नयी दिल्ली : आम आदमी पार्टी के नेता और संयोजक अरविंद केजरीवाल ने आज फिर ट्विटर पर ट्वीट करके अपने कार्यकर्ताओं से विरोधी पार्टियों से पैसे लेने को कहा है. उन्होंने ट्विटर पर लिखा है कि वि रोधी पार्टी हमारे कार्यकर्ताओं को पैसे देकर खरीदने का प्रयास कर रहीं हैं.
उन्होंने अपने कार्यकर्ताओं को कहा कि कोई यदि पैसे दे तो मना मत करना और उसका स्टिंग ऑपरेशन कर लेना. गौरतलब है कि इस तरह के बयान देने के लिए चुनाव आयोग पहले ही केजरीवाल को नोटिस भेज चुका है.
चुनाव प्रचार के बीच चुनाव आयोग ने आम सभा और रैलियों के अलावा विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रेस कॉन्फ्रेंस की भी निगरानी करना शुरू कर दिया है. आयोग के प्रतिनिधि संवाददाता सम्मेलनों में हिस्सा लेंगे और इस बात पर नजर रखेंगे कि वहां क्या बोला जा रहा है. इसमें कुछ ऐसा तो नहीं, जो चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करता हो.
चुनाव आयोग ने लोगों को उम्मीदवारों की पृष्ठभूमि के बारे में जानने के लिए उनके हलफनामे पर नजर डालने को प्रोत्साहित करने के लिए अभियान शुरू किया है, ताकि मतदाताओं को अपनी सही पसंद बनाने में मदद मिले.
आयोग ने दिल्ली के विभिन्न इलाकों में पोस्टर लगाये हैं, जिन पर लिखा है : ‘पहले करेंगे पता, फिर चुनेंगे नेता’. मतदाताओं को अपने मताधिकार के लिए प्रोत्साहित करने के लिए आयोग अलग से अभियान चलायेगा.
अब ऐसे में देखना है कि आयोग केजरीवाल के इस ट्वीट पर क्या कार्रवाई करता है.
