नयी दिल्ली : मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार के बाद असम की भाजपा सरकार ने जहां 600 करोड़ रुपये की किसान कर्ज माफी का एलान किया है. वहीं गुजरात की भाजपा सरकार ने मंगलवार को राज्य के ग्रामीण इलाकों के 650 करोड़ रुपये के बिजली के बिल माफ करने की घोषणा की है.
इन दोनों राज्यों के फैसले पर राहुल गांधी का बयान आया है. उन्होंने बुधवार को अपने ट्विटर वॉल पर लिखा कि कांग्रेस पार्टी ने असम और गुजरात के मुख्यमंत्री को उनकी गहरी नींद से जगा दिया है, लेकिन प्रधानमंत्री अभी भी सो रहे हैं. हम उनको भी जगाएंगे.
सर्बानंद सोनोवाल का ट्वीट
यहां चर्चा कर दें कि असम सरकार के इस कदम से तकरीबन आठ लाख किसानों को फायदा मिलने की उम्मीद जतायी जा रही है. इसके अलावा, राज्य के किसानों को राहत देने के लिए कर्ज में छूट देने की योजना को भी मंगलवार को मंजूरी दे दी गयी. राज्य के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने ट्वीट कर बताया कि केसीसी कर्ज पर चार प्रतिशत ब्याज छूट (केंद्र सरकार द्वारा प्रदान की गयी तीन प्रतिशत के अतिरिक्त) को मंजूरी दे दी है और इस सात प्रतिशत छूट से किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याज पर कर्ज लेने में सक्षम बनाया जायेगा.
गुजरात सरकार ग्रामीणों के 650 करोड़ का बिजली बिल करेगी माफ
गुजरात की भाजपा सरकार ने मंगलवार को राज्य के ग्रामीण इलाकों के 650 करोड़ रुपये के बिजली के बिल माफ करने की घोषण की है. इस फैसले के तहत करीब छह लाख 22 हजार ग्राहकों के बिल माफ किये जायेंगे. योजना के तहत बिल माफ करने के साथ-साथ बिल नहीं भरने के चलते काटे गये कनेक्शन भी दोबारा शुरू किये जायेंगे.
