श्रीनगर : नेशनल कॉन्फ्रेंस के नेता उमर अब्दुल्ला ने आज मांग की कि जम्मू – कश्मीर विधानसभा को तुरंत भंग किया जाए और राज्य में फिर से चुनाव करवाए जाएं. कल भाजपा ने राज्य में पीडीपी के साथ तीन साल पुराने सत्तारूढ़ गठबंधन से समर्थन वापस ले लिया था.उसके इस कदम से सब हैरान रह गए थे.राज्य में आज सुबह राज्यपाल शासन लागू कर दिया गया.
उमर ने ट्वीट किया , ‘‘ जम्मू – कश्मीर विधानसभा को तुरंत भंग किया जाए और जल्द से जल्द जब भी उचित हो नए सिरे से चुनाए कराए जाएं.पूर्व उप मुख्यमंत्री ने यह माना है कि भाजपा पर विश्वास नहीं किया जा सकता कि सरकार बनाने के लिए वह खरीद – फरोख्त नहीं करेगी.” भाजपा नेता और पूर्व उप मुख्यमंत्री कवींद्र गुप्ता ने कथित तौर पर कहा था कि उनकी पार्टी ‘‘ कुछ विचार कर रही है.
” उनके इसी बयान पर पूर्व मुख्यमंत्री ने यह प्रतिक्रिया दी.गुप्ता ने कथित तौर पर कहा था , ‘‘ मुझे नहीं लगता कि निकट भविष्य में नई
सरकार बनेगी.यहां अनिश्चितताएं हैं लेकिन हम कुछ सोच विचार कर रहे हैं और लोगों को इस बारे में पता चल जाएगा .” उमर ने दावा किया कि गुप्ता के बयान से यह संकेत मिलता है कि भाजपा जम्मू – कश्मीर में सरकार बनाने के लिए अन्य दलों से विधायक तोड़ने के प्रयास कर रही है.उन्होंने ट्विटर पर लिखा , ‘‘ ‘ हम विचार कर रहे हैं ‘, इससे आपका क्या मतलब है ? इसका एक ही मतलब हो सकता है कि अन्य दलों से विधायक तोड़ो और भाजपा की सरकार बनाने के लिए आंकड़े जुटाओ.
तो क्या पूर्व उप मुख्यमंत्री ने अनजाने में राज खोल दिया ?” खबर आई थी कि केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह को गठबंधन सरकार से समर्थन वापस लेने के फैसले के बारे में कोई सूचना नहीं थी.इस पर प्रतिक्रिया देते हुए उमर ने ट्वीट किया , ‘‘ अगर यह खबर सच है और गृह मंत्री भाजपा – पीडीपी गठबंधन के टूटने के बारे में नहीं जानते थे तो भाजपा के इस फैसले से मुझे और मेरे सहयोगियों को जो हैरानी हुई है , उसमें कोई बड़ी बात नहीं है.
