लद्दाख में 11,578 फुट की ऊंचाई पर हर मौसम में गाड़ियां भागेंगी सरपट, सात साल में बनकर तैयार हो जायेगी जोजिला सुरंग

नयी दिल्ली : सरकार ने जम्मू-कश्मीर में रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण जोजिला दर्रा सुरंग परियोजना को बुधवार को मंजूरी दे दी. इसका मकसद कश्मीर घाटी तथा लद्दाख के बीच हर मौसम में संपर्क सुविधा उपलब्ध कराना है. जोजिला दर्रा श्रीनगर-करगिल-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग पर 11,578 फुट की ऊंचाई पर है. जाड़े में (दिसंबर से अप्रैल) भारी […]

नयी दिल्ली : सरकार ने जम्मू-कश्मीर में रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण जोजिला दर्रा सुरंग परियोजना को बुधवार को मंजूरी दे दी. इसका मकसद कश्मीर घाटी तथा लद्दाख के बीच हर मौसम में संपर्क सुविधा उपलब्ध कराना है. जोजिला दर्रा श्रीनगर-करगिल-लेह राष्ट्रीय राजमार्ग पर 11,578 फुट की ऊंचाई पर है. जाड़े में (दिसंबर से अप्रैल) भारी हिमपात और हिमस्खलन के कारण लेह-लद्दाख क्षेत्र कश्मीर से कटा रहता है.

इसे भी पढ़ें : बर्फबारी के कारण श्रीनगर-जम्मू राष्ट्रीय राजमार्ग बंद

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक के बाद एक आधिकारिक सूत्र ने बताया कि मंत्रिमंडल ने जोजिला सुरंग परियोजना को मंजूरी दे दी. आईएल एंड एफएस ट्रांसपोर्टेशन ने पिछले वर्ष जुलाई में कहा था कि वह जम्मू-कश्मीर में 4,899 करोड़ रुपये की जोजिला दर्रा सुरंग परियोजना के लिए सबसे कम बोली लगानी कंपनी के रूप में उभरी है.

आईएल एंड एफएस ट्रांसपोर्टेशन ने कहा है कि हम यह सूचित करना चाहते हैं कि कंपनी जोजिला सुरंग परियोजना के लिए सबसे कम बोली लगाने वाली फर्म के रूप में उभरी है. कंपनी ने परियोजना के लिए 4,899.42 करोड़ रुपये की बोली लगायी. इसे 2,555 दिनों (सात साल) में पूरा किया जायेगा. बयान के अनुसार, परियोजना का रणनीतिक और सामाजिक-आर्थिक महत्व है और जम्मू-कश्मीर के पिछड़े जिलों में विकास का रास्ता खुलेगा.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >