बक्सर .
अनंत चतुर्दशी का पर्व शनिवार को मनाया जाएगा. इस अवसर पर श्रद्धालु उपवास रहकर दोपहर में भगवान विष्णु के प्रतिक चौदह गांठों वाले अनंत सूत्र की पूजा करेंगे तथा पूजन-अर्चन के बाद पुआ-पकवान का भोग लगाकर प्रसाद ग्रहण करेंगे. पर्व की तैयारियां शुक्रवार को पूरी कर ली गई. भगवान विष्णु को समर्पित यह त्योहार प्रति वर्ष भाद्रपद मास के शुक्लपक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है. लोग तैयारियों को लेकर घरों की साफ-सफाई से लेकर जरूरी सामानों की खरीदारी किए. जिससे दुकानदारों की व्यस्तता एवं बाजारों की रौनक बढ़ गई थी. आचार्य श्रीकृष्णानंद जी पौराणिक एवं ज्योतिषाचार्य पं.मुन्ना जी चौबे के मुताबिक चतुर्दशी तिथि शुक्रवार की रात 1.41 बजे से शुरू होकर अगले दिन शनिवार की रात 12.57 बजे तक रह रही है. ऐसे में अनंत व्रत निर्विवाद रूप से शनिवार को मनेगा. क्योंकि चतुर्दशी तिथि सूर्योदय के साथ ही आधी रात तक भोग कर रही है. आचार्यों ने बताया कि इस दिन उपवास रखने के साथ शेषनाग पर विराजमान भगवान विष्णु की आराधना का विधान है. धागे में चौदह गांठें लगाकर अनंत सूत्र की पूजा की जाती है और उसे बांह में धारण किया जाता है. मान्यता के अनुसार अनंत चतुर्दशी के दिन विधि-विधान के साथ उपवास व्रत रखकर भगवान विष्णु की पूजा करने से उनकी कृपा प्राप्त होती है और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है.पर्व को लेकर लोगों में काफी उत्साह है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
