लीजिए...खर्राटें रोकने वाला तकिया

खर्राटे की आवाज से न सिर्फ दूसरे की नींद में खलल पड़ती है बल्कि कई बार यह आपकी निंदा का भी कारण बन जाते हैं. खर्राटों को रोकने और कम करने के लिए दुनिया भर में तरह-तरह के उपाय खोजे गये. लेकिन अब इस समस्या का हल पास भी जल्द ही आ जायेगा. जी हाँ. […]

खर्राटे की आवाज से न सिर्फ दूसरे की नींद में खलल पड़ती है बल्कि कई बार यह आपकी निंदा का भी कारण बन जाते हैं. खर्राटों को रोकने और कम करने के लिए दुनिया भर में तरह-तरह के उपाय खोजे गये. लेकिन अब इस समस्या का हल पास भी जल्द ही आ जायेगा. जी हाँ. ये है ‘खर्राटें रोकने वाला तकिया’

यह एक विशेष किस्म का तकिया है जो खर्राटा शुरू होते ही आपके सिर की दिशा में इतना हल्का-सा बदलाव करेगा कि आपकी नींद नहीं टूटेगी लेकिन आपके खर्राटे रुक जाएंगे. अभी यह बिक्री के लिए उपलब्ध नहीं है. इसे लास एंजिलिस के कंयूमर इलेक्ट्रॉनिक्स शो में इसी हफ्ते प्रदर्शित किया जा रहा है.

टोरंटो की एक कंपनी ने एक नए प्रकार का सिस्टम तैयार किया है. इसमें दो उपकरण होंगे. बिस्तर के बगल में टेबल पर माइक्रोफोन-जैसा एक उपकरण रखा रहेगा. जैसे ही खर्राटे की आवाज आना शुरू होगी, यह तकिये के अंदर रखे उपकरण को सिर की दिशा में हल्के बदलाव के निर्देश देगा. इससे बगल के आदमी की नींद भी नहीं टूटेगी लेकिन जो व्यक्ति खर्राटा ले रहा है, उसकी दिशा हल्की-सी बदल जाएगी.

वैज्ञानिक कहते हैं कि खर्राटे तब आते हैं जब गले की मांसपेशियां शिथिल हो जाती हैं. इसी वजह से सांस के आने-जाने में आवाज आने लगती है. इसको रोकने के लिए यदि करवट या सोने का पोस्चर बदला जाए तो यह शिथिलता सामान्य गति में आ जाती है.

इस तकिये के अंदर का उपकरण, तकिए को बहुत आराम के साथ पिचकाता या फुलाता है. जिससे सोते समय गले की मांसपेशियां सामान्य अवस्था में आ जाएंगी.

इसे तैयार करने वाले वैज्ञानिकों ने उपकरण को इस तरह तैयार करने की कोशिश की है कि इस प्रक्रिया में नींद न टूटे.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >