कम उम्र जोड़ों से ज्यादा खुश रहते हैं उम्रदराज जोड़े

लास एंजिलिस : शादीशुदा जोड़ों के बीच बहस और झगड़ा होना आम बात है इस झगड़े को सुलझाने के लिए एक शोध किया गया जिसमें यह पता चला है कि उम्रदराज जोड़े कम उम्र जोड़ों की तुलना में ज्यादा खुश रहते हैं क्योंकि उनके जीवन में लड़ाई झगड़े का स्थान हास्य ले लेता है.अमेरिका के […]


लास एंजिलिस :
शादीशुदा जोड़ों के बीच बहस और झगड़ा होना आम बात है इस झगड़े को सुलझाने के लिए एक शोध किया गया जिसमें यह पता चला है कि उम्रदराज जोड़े कम उम्र जोड़ों की तुलना में ज्यादा खुश रहते हैं क्योंकि उनके जीवन में लड़ाई झगड़े का स्थान हास्य ले लेता है.अमेरिका के कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने 87 ऐसे मध्यम आयुवर्ग तथा बुजुर्ग दंपतियों के बीच बातचीत के वीडियो का आकलन किया जो 15 से ले कर 35 साल से विवाहित हैं.

शोधकर्ताओं ने दंपतियों के 13 साल तक दोनों के बीच भावनात्मक बातचीत पर नजर रखी.उन्होंने पाया कि उम्र बढ़ने के साथ ही दंपतियों में हास्य बोध और एक दूसरे के प्रति मृदुलता का भाव बढ़ता गया.इमोशन पत्रिका में प्रकाशित इस अध्ययन के अनुसार उम्रदराज दंपतियों में हास्य तथा प्रेम जैसे सकारात्मक व्यवहार बढ़ते देखे गए वहीं एक दूसरे की आलोचना जैसे नकारात्मक बर्ताव में कमी आई.यह अध्ययन उस धारणा के ठीक उलटा है कि बढ़ती उम्र के साथ भावनाएं घटने लगती हैं अथवा इंसान भावना शून्य हो जाता है.

यूसी बर्कले में मनोविज्ञान के प्रोफेसर रॉबर्ट लेवेन्सन कहते हैं,‘‘हमारी खोज बढ़ती उम्र के विरोधाभासों पर रोशनी डालती है.’ लेवेन्सन कहते हैं,‘‘अनेक मित्रों और परिजन को खोने के बावजूद उम्रदराज दंपति अपेक्षाकृत प्रसन्न होते हैं और उनमें अवसाद तथा उद्विग्नता के लक्षण कम होते है. विवाह उनके मानसिक स्वास्थ्य के लिए अच्छा साबित हुआ है.’

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >