Putin India Visit For BRICS Summit 2026: आज के करेंट अफेयर्स में बात करेंगे BRICS की, जो एक बार फिर चर्चा में है. दरअसल, रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन 12 सितंबर को भारत आ रहे हैं. वे नई दिल्ली में होने वाले 18वें BRICS Summit में शामिल होंगे. इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनकी द्विपक्षीय मुलाकात भी होनी है.
भारत इस समय BRICS की अध्यक्षता कर रहा है और इसी वजह से इस साल का Summit भी भारत में हो रहा है. पुतिन के भारत दौरे की खबर के बाद BRICS एक बार फिर चर्चा में है. लेकिन आखिर BRICS क्या है? इसकी शुरुआत कैसे हुई और भारत के लिए यह संगठन इतना महत्वपूर्ण क्यों है? प्रतियोगी परीक्षाओं के लिहाज से इससे जुड़े कौन से फैक्ट याद रखने चाहिए, आइए आसान भाषा में समझते हैं.
What is BRICS: BRICS क्या है?
BRICS उभरती अर्थव्यवस्थाओं और विकासशील देशों के बीच सहयोग का एक प्रमुख मंच है. इसकी शुरुआत BRIC के रूप में हुई थी. इसमें शुरुआत में ब्राजील, रूस, भारत और चीन शामिल थे.
बाद में दक्षिण अफ्रीका भी इसमें शामिल हुआ. इसके बाद इसका नाम BRICS हो गया. समय के साथ संगठन का विस्तार हुआ और कई नए देश इसके सदस्य बने.
आज BRICS सिर्फ आर्थिक सहयोग तक सीमित नहीं है. इसमें राजनीति, वित्त, व्यापार, तकनीक, ऊर्जा और विकास जैसे मुद्दों पर भी सहयोग की बात होती है.
BRICS की शुरुआत कब और क्यों हुई?
BRIC की पहली औपचारिक बैठक 2006 में हुई थी. इसके बाद 2009 में रूस के येकातेरिनबर्ग में पहला BRIC Summit आयोजित हुआ. दक्षिण अफ्रीका के शामिल होने के बाद 2011 से इसका नाम BRICS हो गया.
इस मंच का मकसद प्रमुख उभरती अर्थव्यवस्थाओं को एक साथ लाकर आपसी सहयोग बढ़ाना था. समय के साथ इसका दायरा भी बढ़ता गया.
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भारत के लिए BRICS क्यों महत्वपूर्ण है?
भारत BRICS के शुरुआती सदस्य देशों में शामिल है. इसलिए इस संगठन में उसकी भूमिका शुरुआत से ही महत्वपूर्ण रही है.
BRICS के जरिए भारत दूसरे बड़े विकासशील देशों के साथ आर्थिक और कूटनीतिक सहयोग बढ़ा सकता है. यह मंच भारत को वैश्विक मुद्दों पर अपनी बात रखने का भी अवसर देता है.
खासकर विकासशील देशों की आवाज को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर मजबूत करने के लिहाज से BRICS भारत के लिए महत्वपूर्ण है.
2026 में भारत की BRICS अध्यक्षता क्यों खास है?
साल 2026 में BRICS की अध्यक्षता भारत के पास है. भारत की अध्यक्षता की थीम है "Building for Resilience, Innovation, Cooperation and Sustainability".
आसान भाषा में इसका मतलब है कि लचीली अर्थव्यवस्था, नई तकनीक, आपसी सहयोग और टिकाऊ विकास पर जोर देना. 2026 भारत की चौथी BRICS अध्यक्षता है. इससे पहले भारत 2012, 2016 और 2021 में इसकी अध्यक्षता कर चुका है.
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12-13 सितंबर के BRICS Summit में क्या खास होगा?
इस बार BRICS Summit नई दिल्ली में होगा. इसमें संगठन के सदस्य देशों के नेता और प्रतिनिधि शामिल होंगे. बैठक में व्यापार, वित्त, तकनीक, ऊर्जा और वैश्विक शासन जैसे मुद्दों पर चर्चा हो सकती है. भारत अपनी अध्यक्षता के दौरान BRICS के बीच सहयोग को और मजबूत करने पर जोर दे रहा है.
इसी Summit के लिए पुतिन भारत आ रहे हैं. उनके दौरे के दौरान भारत-रूस संबंधों से जुड़े मुद्दों पर भी बातचीत होगी. व्यापार और आर्थिक सहयोग समेत कई विषय दोनों देशों की बातचीत में शामिल हो सकते हैं.
Competitive Exams के लिए याद रखें
- BRICS का शुरुआती नाम: BRIC
- BRIC के शुरुआती सदस्य: ब्राजील, रूस, भारत और चीन
- दक्षिण अफ्रीका के जुड़ने के बाद: BRICS
- वर्तमान पूर्ण सदस्य: 11
- 2026 में BRICS की अध्यक्षता: भारत
- 2026 BRICS Summit: नई दिल्ली
- Summit की तारीख: 12-13 सितंबर 2026
- भारत की 2026 थीम: Building for Resilience, Innovation, Cooperation and Sustainability
- 2026 में भारत की BRICS अध्यक्षता: चौथी बार
पुतिन का भारत दौरा ऐसे समय हो रहा है, जब BRICS का दायरा पहले के मुकाबले काफी बढ़ चुका है. 12-13 सितंबर का Summit भारत की अध्यक्षता में इस समूह की आगे की दिशा के लिहाज से महत्वपूर्ण रहेगा. प्रतियोगी परीक्षाओं में BRICS से जुड़े सदस्य देशों, भारत की अध्यक्षता और 2026 Summit से जुड़े सवाल पूछे जा सकते हैं.
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