India-us Trade: भारत और अमेरिका के बीच आर्थिक रिश्तों को नई दिशा देने के लिए 20 अप्रैल, 2026 से वाशिंगटन डीसी में तीन दिवसीय उच्च स्तरीय वार्ता शुरू हो रही है. इस बैठक में दोनों देश एक महत्वाकांक्षी द्विपक्षीय व्यापार समझौते (BTA) के पहले चरण को अंतिम रूप देने की कोशिश करेंगे.
कौन कर रहा है नेतृत्व ?
भारतीय दल का नेतृत्व वाणिज्य विभाग के अतिरिक्त सचिव और मुख्य वार्ताकार दर्पण जैन कर रहे हैं. इस टीम में लगभग एक दर्जन अधिकारी शामिल हैं, जिनमें सीमा शुल्क (Customs) और विदेश मंत्रालय के विशेषज्ञ भी हैं. अमेरिकी पक्ष की ओर से यूएसटीआर (USTR) के अधिकारी चर्चा में शामिल होंगे.
क्यों अहम है यह बैठक ?
इस वार्ता का सबसे बड़ा पेंच अमेरिका में हाल ही में बदले शुल्क स्ट्रक्चर (Tariff Structure) को लेकर है.
- नया 10% शुल्क: अमेरिकी उच्चतम न्यायालय के एक फैसले के बाद, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 24 फरवरी से सभी देशों पर 150 दिनों के लिए 10% शुल्क लागू कर दिया है.
- पुराने मसौदे पर पुनर्विचार: 7 फरवरी को जो मसौदा तैयार हुआ था, उसमें अमेरिका भारतीय सामानों पर शुल्क को 50% से घटाकर 18% करने पर सहमत हुआ था. अब नई परिस्थितियों में इन शर्तों को फिर से लिखना पड़ सकता है.
- रूसी तेल का मुद्दा: इससे पहले अमेरिका ने रूसी तेल खरीदने के कारण भारतीय वस्तुओं पर 25% अतिरिक्त शुल्क लगाया था, जिसे हटाने पर सहमति बनी थी.
वार्ता के मुख्य बिंदु
- धारा 301 की जांच: अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (USTR) द्वारा भारत के खिलाफ शुरू की गई जांच पर भी चर्चा होगी. भारत ने इन आरोपों को कड़ाई से खारिज किया है और जांच समाप्त करने की मांग की है.
- बाजार पहुंच (Market Access): दोनों देश एक-दूसरे के उत्पादों के लिए आसान रास्ता बनाने पर बात करेंगे.
- रुकी हुई वार्ता की बहाली: फरवरी में होने वाली यह बैठक अमेरिकी अदालती फैसलों और शुल्क बदलावों के कारण टाल दी गई थी, जो अब 20-22 अप्रैल तक चलेगी.
Also Read: अब भारत में Zen Technologies बनाएगी आधुनिक तोपें और ड्रोन , हवाई खतरों का होगा अंत
