Viral Video: दुनिया का सबसे छोटा एयरपोर्ट, पेड़ के नीचे है वेटिंग एरिया

Viral Video: हवाई सफर करना बेहद सुखद अनुभव होता है. हवाई जहाज की यात्रा काफी एक्सपेंसिव होती है, लेकिन उसमें जो सुविधाएं मिलती हैं, बेहद खास होती हैं. एयरपोर्ट पर कई अत्याधुनिक सुविधाएं होती हैं, तो यात्रियों को आकर्षित करती हैं.

Viral Video: दुनिया में कई ऐसे एयरपोर्ट हैं, जो अपनी खूबसूरती के लिए फेमस हैं. आपने कई खतरनाक एयरपोर्ट के बारे में भी जरूर पढ़ा होगा, लेकिन आपने शायद ही दुनिया के सबसे छोटे एयरपोर्ट के बारे में पढ़ा होगा या देखा होगा. तो इस खबर में आपको हम दुनिया के सबसे छोटे एयरपोर्ट के बारे में जानकारी देने वाले हैं.

दुनिया का सबसे छोटा एयरपोर्ट, जहां यात्रियों को आप के पेड़ के नीचे करना पड़ता है इंतजार

कोलंबिया का अगुआचिका हकारिटामा हवाई अड्डा (Aguachica Hacaritama Airport ) दुनिया का सबसे छोटा एयरपोर्ट है. यह बहुत ही छोटे स्थान पर बना हुआ है. इसलिए यह दुनिया भर में आकर्षण का केंद्र भी रहा है. यहां दो वेटिंग एरिया हैं. मजे की बात है कि यहां खुले आसमान के नीचे यात्रियों को इंतजार करना पड़ता है. दुनिया के सबसे छोटे एयरपोर्ट के कई वीडियो इस समय सोशल मीडिया में वायरल हो रहे हैं. @ActualidadRT नाम के एक यूजर ने जो वीडियो सोशल मीडिया में शेयर किया है, उसमें आप साफ देख सकते हैं कि कुछ यात्री एक आप के पेड़ के नीचे इंतजार करते दिख रहे हैं.

छोटे विमान ही यहां करते हैं लैंड

एक पाल्मा नाम के यूजर ने अपने अनुभव सोशल मीडिया में शेयर किए हैं. जिसमें उन्होंने बताया कि 50 सीटों वाले विमान में सफर करना काफी सुखद था. बैठने की सीटें काफी आरामदायक थी. उड़ान से 20 मिनट पहले बोर्डिंग शुरू हुई, जिससे यात्री आराम से हवाई जहाज में सवार हो गए.

कहां है दुनिया का सबसे छोटा एयरपोर्ट?

दुनिया का सबसे छोटा एयरपोर्ट कोलंबिया में है. जो अगुआचिका हकारिटामा हवाई अड्डा (Aguachica Hacaritama Airport ) के नाम से जाना जाता है.

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लेखक के बारे में

By Arbindkumar mishra

अरबिंद कुमार मिश्रा मुख्यधारा की पत्रकारिता में 15 वर्षों से अधिक का अनुभव रखने वाले एक वरिष्ठ पत्रकार और लेखक हैं. वर्तमान में, वह प्रभात खबर डॉट कॉम (Prabhat Khabar) में सीनियर कंटेंट राइटर के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. अरबिंद नेशनल, इंटरनेशनल और स्पोर्ट्स कैटेगरी में अपनी लेखनी के लिए जाने जाते हैं. गहरी रिसर्च पर आधारित स्पेशल स्टोरीज, रिपोर्टिंग और जटिल मुद्दों पर आसान भाषा में 'एक्सप्लेनर' लिखना उनकी मुख्य यूएसपी (USP) है.

झारखंड की समृद्ध संस्कृति और लोक परंपराओं में उनकी गहरी रुचि है. अपनी उत्कृष्ट और सरोकार से जुड़ी रिपोर्टिंग के लिए उन्हें संस्थान स्तर पर कई बार सम्मानित और पुरस्कृत भी किया जा चुका है.

करियर का सफरनामा

अरबिंद ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत देश की प्रतिष्ठित बहुभाषी न्यूज एजेंसी 'हिंदुस्थान समाचार' से बतौर रिपोर्टर की थी. इसके बाद उन्होंने प्रसार भारती के अंग दूरदर्शन और आकाशवाणी के साथ भी काम किया, जहां उन्होंने एंकरिंग, वॉइस-ओवर और रिपोर्टिंग के गुर सीखे. साल 2011 में वह 'प्रभात खबर डॉट कॉम' से जुड़े और तब से लगातार डिजिटल पत्रकारिता के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं.

प्रमुख उपलब्धियां और ग्राउंड रिपोर्टिंग

खेल पत्रकारिता और जमीनी रिपोर्टिंग में अरबिंद का योगदान उल्लेखनीय रहा है. उनकी कुछ सबसे बड़ी उपलब्धियों में शामिल हैं:

34वें राष्ट्रीय खेल: झारखंड में आयोजित ऐतिहासिक 34वें नेशनल गेम्स की बेहतरीन और व्यापक ग्राउंड रिपोर्टिंग.

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट: रांची के जेएससीए (JSCA) स्टेडियम में आयोजित कई इंटरनेशनल क्रिकेट मैचों को करीब से कवर किया.

पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप (2018): भुवनेश्वर में आयोजित वर्ल्ड कप के फाइनल मुकाबले की शानदार स्पोर्ट्स रिपोर्टिंग.

पंचायतनामा: प्रभात खबर के इस खास विंग के लिए ग्रामीण इलाकों का दौरा कर कई प्रेरक 'सक्सेस स्टोरीज' लिखीं.

शैक्षणिक योग्यता (Education & Credentials)

UGC NET: साल 2019 में यूजीसी नेट (UGC NET) की परीक्षा उत्तीर्ण की.

बैचलर ऑफ जर्नलिज्म (BJMC): रांची विश्वविद्यालय से साल 2011 में पत्रकारिता में स्नातक की डिग्री हासिल की.

एम.ए. (नागपुरी भाषा): रांची विश्वविद्यालय के 'जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग' से साल 2009 में नागपुरी भाषा में स्नातकोत्तर (MA) की डिग्री हासिल की.

लेखन शैली और विशेषज्ञता: एक्सप्लेनर, रिसर्च बेस्ड स्टोरीज, स्पोर्ट्स जर्नलिज्म, इंटरनेशनल अफेयर्स और झारखंड की लोक-संस्कृति.

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