वाशिंगटन : भारत और अमेरिका के नेताओं ने कहा कि दोनों देशों को अपना सहयोग वैश्विक स्तर तक ले बढ़ाना चाहिए और साथ ही गरीबी, बाल मृत्यु, खाद्य सुरक्षा, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और अंतरराष्ट्रीय शांति जैसे कई मुद्दों पर साथ काम करना चाहिए.व्हाइट हाउस में एक घंटे चली बैठक और दोपहर के भोज के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने एक संयुक्त बयान में कहा कि दोनों देशों को वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए पहले दर्जे के भागीदारों की तरह एक दूसरे को देखना चाहिए.
अमेरिका ने सुरक्षा परिषद में भारत की स्थायी सदस्यता की दावेदारी को लेकर दोबारा अपने रुख की पुष्टि करते हुए कहा कि अमेरिका सुधार के बाद संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत को एक स्थायी सदस्य के तौर पर देखता है.इसके साथ ही ओबामा और सिंह इस बात पर सहमत हुए कि संयुक्त राष्ट्र घोषणापत्र के अनुरुप अंतरराष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा बनाए रखने में 15 सदस्यीय सुरक्षा परिषद की प्रभावशाली भूमिका की निरंतरता सुनिश्चित करना दोनों देशों की जिम्मेदारी है.
संयुक्त बयान में कहा गया है कि भारत और अमेरिका के बीच पूर्व, मध्य एवं पश्चिम एशिया और क्रमश: अफगानिस्तान एवं जापान के साथ त्रिपक्षीय वार्ता की संरचना को लेकर विमर्श करते हुए ओबामा और सिंह, हिन्द महासागर क्षेत्र में नौवहन सुरक्षा एवं प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण समेत कई विस्तृत मुद्दों पर सहयोग गहरा करने के लिए बातचीत को अपनी चर्चा में शामिल करने पर सहमत हुए.
