वाशिंगटन : सीरिया में रासायनिक हथियारों के हमले के संदर्भ में संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट आने के बाद असद प्रशासन के इसमें संलिप्त होने के बारे में कोई संदेह बाकी नहीं रहने के बाद अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहाकार सुसैन राइस ने इस बात को दोहराया है कि यदि इन हथियारों को अंतर्राष्टरीय नियंत्रण में लाने के लिए जारी कूटनीतिक प्रयास विफल रहते हैं तो अमेरिका कार्रवाई के लिए तैयार है.
सीरिया में रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल पर संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट न्यूयॉर्क स्थित मुख्यालय में जारी की गई। इसके कुछ ही घंटे बाद राइस ने कहा, ‘‘यदि कूटनीति विफल रहती है तो अमेरिका कार्रवाई के लिए तैयार है.’’
उन्होंने कहा, ‘‘संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट हमारे उन निष्कर्षों के पक्ष में और सबूत पेश करती है कि 21 अगस्त को दमिश्क के उपनगरीय इलाके में सीरियाई प्रशासन द्वारा व्यापक स्तर पर सेरीन का इस्तेमाल किया गया था.’’
राइस ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र के दल ने सतह से सतह पर मार करने वाले रॉकेटों, पर्यावरण और मिट्टी के दर्जनों नमूनों और जैवचिकित्सीय नमूनों समेत बहुत से सबूत जुटाए। इन सभी में सेरीन के मौजूद होने की पुष्टि हुई है.
राइस ने जोर देते हुए कहा कि हालांकि इस दल का काम इन घृणित हमलों के लिए किसी की जिम्मेदारी तय करना नहीं था लेकिन रिपोर्ट में शामिल तकनीकी सबूतों का अमेरिकी आकलन इस बात पर बल देता है कि ये हमले सीरियाई प्रशासन द्वारा कराए गए क्योंकि इस तरह के हमले कराने की क्षमता सिर्फ उन्हीं के पास है.
राइस ने कहा कि इस सप्ताहांत में जेनेवा में हुई वार्ताओं में एक ऐसा मसविदा तैयार किया गया है, जो सीरियाई रासायनिक हथियारों को एक पारदर्शी, तीव्र और सत्यापन योग्य तरीके से समाप्त कर सकता है. यह इन हथियारों के कारण सीरियाई लोगों, इस क्षेत्र और पूरी दुनिया के सामने मौजूद खतरे का अंत कर सकता है.
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहाकार ने कहा, ‘‘हम रुस, ब्रिटेन, फ्रांस, संयुक्त राष्ट्र, रासायनिक हथियार निषेध संगठन और अन्य के साथ काम करना जारी रखेंगे ताकि इस प्रक्रिया को सत्यापित किया जाना सुनिश्चित किया जा सके। इनके साथ जिस मसविदे पर सहमति बनती है, यदि असद प्रशासन उसका पालन नहीं करता है तो इसके परिणाम उसे भुगतने होंगे. यदि कूटनीति विफल रहती है तो अमेरिका कार्रवाई के लिए तैयार है.’’
इससे पहले व्हाइट हाउस के सचिव जे कार्ने ने कहा था कि रिपोर्ट के नतीजे उन निष्कर्षों की पुष्टि करते हैं, जिनपर दुनिया पहले ही मौजूदा सबूतों के आधार पर पहुंच चुकी है कि इन रासायनिक हथियारों के हमले के लिए असद प्रशासन जिम्मेदार है.
कार्ने ने कहा, ‘‘यह सूचना ऐसे समय में आई है जब अमेरिका ने असद के रासायनिक हथियारों को अंतरराष्ट्रीय नियंत्रण में लाने के हमारे प्रयासों में काफी प्रगति कर ली है ताकि इन्हें अंतत: नष्ट किया जा सके. अब तक जो प्रगति हमने की है, वह बल प्रयोग की धमकी और राष्ट्रपति ओबामा के कूटनीतिक रास्ते में संभावनाओं को तलाशने के फैसले के बिना संभव नहीं थी।’’उन्होंने कहा कि अमेरिका ने सीरियाई विपक्ष को अपनी सहायता बढ़ा दी है.
