सेंट पीटर्सबर्ग : रुस में आठवें जी-20 शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने के बाद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह आज स्वदेश के लिए रवाना हो गये.इस सम्मेलन के दौरान उन्होंने दुनियाभर के नेताओं से उभरते हुए बाजारों में मजबूत विकास को बहाल करने के लिए सामूहिक प्रतिबद्धता दिखाने को कहा.
अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा और मेजबान रुसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन सहित दुनियाभर के कई शीर्ष नेता यहां इस दो दिवसीय शिखर सम्मेलन में शामिल हुए.इस दौरान मनमोहन ने कहा कि बीते कुछ हफ्तों में मुद्रा अस्थिरता से भारत प्रभावित हुआ है और वह एक ऐसे वातावरण में चालू खाते के घाटे को वित्तपोषित करने का कदम उठा रहा है, जिसे स्थिर विदेशी निवेश प्रवाह के अनुकूल माना जाये.
उन्होंने वर्तमान मुद्रा संकट से निपटने के लिए जी-20 समूह के भीतर व्यापक विचार विमर्श का भी आह्वान किया.मनमोहन ने वर्ष 2008 में वाशिंगटन में हुए पहले जी-20 सम्मेलन से लेकर अब तक के इसके सभी सम्मेलनों में भाग लिया है.
