''रुसियों ने गिराया मलेशियाई विमान''

कीव-कुआलालंपुर: यूक्रेन ने दावा किया कि उसके पास इस बात के ‘‘पुख्ता सबूत’’ हैं कि मलेशियाई विमान को मार गिराने वाली मिसाइल प्रणाली चलाने में रुस के लोगों का हाथ हैं. यूक्रेनने विमान हादसे के सबूत मिटाने में विद्रोहियों की मदद करने का भी मास्को पर आरोप लगाया है. रुस की ओर से अमेरिका पर […]

कीव-कुआलालंपुर: यूक्रेन ने दावा किया कि उसके पास इस बात के ‘‘पुख्ता सबूत’’ हैं कि मलेशियाई विमान को मार गिराने वाली मिसाइल प्रणाली चलाने में रुस के लोगों का हाथ हैं.

यूक्रेनने विमान हादसे के सबूत मिटाने में विद्रोहियों की मदद करने का भी मास्को पर आरोप लगाया है. रुस की ओर से अमेरिका पर और पश्चिमी देशों की तरफ से रुस की ओर उंगली उठाये जाने के आरोप-प्रत्यारोपों के बीच मलेशियाई जांच विशेषज्ञों की एक टीम कीव पहुंच गई है और वह विमान जहां गिरा था ,वहां पहुंचने के प्रयास में हैं.

मलेशियाई जांच विशेषज्ञ इसकी तह तक जाना चाहते हैं कि आखिर जेटलाइनर के साथ क्या हुआ. माना जा रहा है कि मलेशिया के विमान एमएच-17 को मिसाइल दागकर मार गिराया गया जिससे उसमें सवार 298 यात्रियों की मौत हो गई। इस घटना को लेकर पूरी दुनिया में शोक और गुस्सा बढा है.

रुस के उप विदेश मंत्री सेरगेई रयाब्कोव ने कहा कि अमेरिकी प्रशासन जांच के परिणाम की प्रतीक्षा किये बिना ही हादसे के लिये अलगाववादियों और रुस पर दोष मढ रहा है.

मलेशिया विमान को जिस समय लुहांस्क क्षेत्र में क्रेसनी लुच और डोनेत्स्क के पडोसी क्षेत्र शकतास्र्क के बीच मार गिराया गया उस समय यह बोइंग-777 एमस्टरडम से कुआलालंपुर की उडान पर था. माना जा रहा है कि एम17 उडान जमीन से आसमान में दागी गई मिसाइल के टकराने से विस्फोट के साथ टुकडे टुकडे होकर जमीन पर आ गिरी.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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