बरसाती फुहारों में मकई के जायके का लुत्फ

भारत में बारिश का मजा लेने के लिए अधिकतर पकौड़े-समोसे चाय के साथ खाये जाते हैं. लेकिन, अगर आप गरमा-गरम कॉर्न सूप का जायका अपनी जुबान पर चढ़ने देंगे, तो फिर आपको न पकौड़ों की कमी महसूस होगी और न ही चाय-कॉफी की. कॉर्न यानी मकई, बरसात के मौसम का यह खास खाद्य पदार्थ है, […]

भारत में बारिश का मजा लेने के लिए अधिकतर पकौड़े-समोसे चाय के साथ खाये जाते हैं. लेकिन, अगर आप गरमा-गरम कॉर्न सूप का जायका अपनी जुबान पर चढ़ने देंगे, तो फिर आपको न पकौड़ों की कमी महसूस होगी और न ही चाय-कॉफी की. कॉर्न यानी मकई, बरसात के मौसम का यह खास खाद्य पदार्थ है, जिसके बारे में बता रहे हैं व्यंजनों के माहिर प्रोफेसर पुष्पेश पंत…
बारिश की दो-चार बौछारों के बाद सड़क किनारे हरी-भरी मकई की ढेरी लगाये बेचनेवालों की भीड़ जुटने लगती है. ग्राहक की पसंद के अनुसार भुट्टे को छीलकर वे सामने काम चालऊ भट्टी में दहकते कोयलों पर सेक कर बरायेनाम नींबू निचोड़ और ऊपर से मसालेदार नमक छिड़क हाथ में थमा देते हैं.
पकड़ते वक्त भले ही भुट्टा गरम लगता है, पर दांत गड़ाने तक भुट्टा खाने लायक हो जाता है. मौसम की इस सौगात का जो आनंद है, वह वातानुकूलित मल्टीप्लेक्स या शॉपिंग मॉल में पॉपकॉर्न खाने में कहां मिल सकता है भला. हमारे एक मित्र जिनकी आज याद ही शेष है, इन्हें छलिया कहा करते थे और इनके इतने दिवाने थे कि बारिश की बूंदों में भीगते इन्हें जहां नजर आये, वहीं खरीदकर खाते-खिलाते थे.
विदेशों में मकई को भूनकर खाने का चलन नहीं है, बल्कि इसे उबालकर और इस पर मक्खन लगाकर इसका चबैना बनाया जाता है. आजकल कुछ लोग अमेरिका से आयात बड़े दानों वाली और अतिरिक्त मिठास से भरी मकई के दानों को भाप में पकाकर एक कागज के कप में रख जरा सा मस्का मारकर ऊपर से चाट मसाला छिड़कर ओने-पोने दामों पर बेचने लगे हैं, मगर हमें नहीं लगता कि पूरब और पश्चिम के संगम कराने के इस प्रयास से सेक कर भुट्टा बेचनेवालों को कोई फर्क पड़ेगा.
भारत में बारिश का मजा लेने के लिए अधिकतर पकौड़े-समोसे खाये जाते हैं, मगर हमें लगता है अगर आप गरमा-गरम कॉर्न सूप का जायका अपनी जुबान पर चढ़ने देंगे, तो फिर आपको न पकौड़ों की कमी महसूस होगी और न ही भाप उड़ाती चाय की.
चीनी खान-पान में स्वीटकॉर्न सूप बहुत लोकप्रिय है, खासकर शाकाहारियों के बीच. इसको आप इच्छानुसार गाढ़ा या पतला बना सकते हैं और इसका तीखापन चिलीसॉस, काली मिर्च, सिरके वाली हरी मिर्च डालकर बढ़ा सकते हैं. मकई के दाने यदि यथेष्ट मात्रा में डाले गये हों, तो एक ही कटोरे से खाना-पीना मजे में हो जाता है. सेहत की फिक्र करनेवालों को यह चिंता भी नहीं आशंकित करती कि वह तला खाकर खुद जोखिम उठा रहे हैं.
हमारे मित्र अशोक वानखेड़े भारतीय खाने के अच्छे पारखी हैं. उन्होंने एक बार हमें मक्के की बहुत स्वादिष्ट खीर खिलवायी. जब मैंने इसका राज पूछा, तो उन्होंने मुस्कुराते हुए बतलाया कि असली रहस्य मालवे की मकई का है, जो कोई रिश्तेदार उनके लिए बड़े स्नेह से सहेजकर पहली रात ट्रेन से लाये थे.
फिर सांस भरते हुए उन्होंने कहा कि यहां की मकई में यह बात कहां. इंदौर से मालवे की खीस का राज जानने के लिए मुंबई की बॉम्बे कैंटीन के सेलेब्रिटी शेफ जका जकरियास ने बहुत पापड़ बेले, पर अंततः इसका जो संस्करण उन्होंने स्पेन में सान सबास्टियेन के भोजन महोत्सव में पेश किया, उसने खानेवालों को मंत्रमुग्ध कर दिया.
अमेरिका के पश्चिमी तट पर सैन फ्रांसिस्को में खाने के शौकीनों की कमी नहीं है. वहां समुद्री जीव क्लैम से चाउडर नामक बहुत गाढ़ा सूप बनाया जाता है, जिसे पूरे खाने के रूप में ही पेश किया जाता है. शाकाहारियों के लिए मकई का चाउडर तैयार होता है.कॉर्बेट नेशनल पार्क के समीप पहाड़ी और जंगली खाने की एक नायाब जगह है.
पहाड़ी ऑर्गेनिक यहां के मेन्यू में मकई का चीला एक अनोखा व्यंजन है, जो कुछ-कुछ आंध्रा के पेसर लट्टू और तमिलनाडु के अडई की तरह होता है. इस जगह के स्वामी संचालक तिमुल की चटनी और तेज राई वाले पहाड़ी रायते के साथ परोसते हैं. तिमुर का बीज महाराष्ट्र के तेफल का ही स्थानीय नाम है, जिसे सेजुवान काली मिर्च का बिरादर समझा जाता है. यह भी अगर गर्म नसीब हो, तो बारिश का मजा दोगुना- चौगुना कर सकता है.
तीखा-चटपटा खाने के बाद अगर मीठा खाने को जी ललचाये, तो आप कोमल मकई के दानों का हलवा या मकई की खीर का आनंद ले सकते हैं. सुखद बात यह है कि इन व्यंजनों को बनाने में ना तो ज्यादा कौशल की जरूरत है, ना श्रम की. ताजा मकई मौसम के साथ आती-जाती है, पर डीप फ्रिजर के चमत्कार की कृपा से आप कभी भी ताजे कॉर्न वॉन कॉब का आनंद ले सकते हैं.
रोचक तथ्य
अमेरिका के सैन फ्रांसिस्को में समुद्री जीव क्लैम से चाउडर नामक बहुत गाढ़ा सूप बनाया जाता है, जिसे पूरे खाने के रूप में ही पेश किया जाता है. शाकाहारियों के लिए मकई का चाउडर तैयार होता है.
तीखा-चटपटा खाने के बाद अगर मीठा खाने को जी ललचाये, तो आप कोमल मकई के दानों का हलवा या मकई की खीर खा सकते हैं.
ताजा मकई मौसम के साथ आती-जाती है, पर डीप फ्रिजर के चमत्कार की कृपा से आप कभी भी ताजे कॉर्न वॉन कॉब का आनंद उठा सकते हैं.

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By Prabhat khabar digital desk

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