हजारीबाग की पेटो पंचायत में ग्रामीणों ने कोयला ढुलाई का किया विरोध, अलग सड़क बनाने की मांग की

हजारीबाग की पेटो पंचायत समेत अन्य गांव के प्रभावित रैयतों ने कोयला ढुलाई का विरोध किया. रैयतों ने ग्रामीण सड़क की जगह ट्रांसपोर्टर से अलग सड़क बनाने की मांग की. कहा कि ग्रामीण सड़क से कोयले की ढुलाई नहीें करने दी जाएगी.

Jharkhand News: हजारीबाग जिला अंतर्गत पेटो पंचायत समेत अन्य गांव के प्रभावित रैयतों ने कोल परियोजना से नॉर्थ कर्णपुरा पावर प्लांट, टंडवा तक कोयले ढुलाई का विरोध किया. प्रभावित रैयतों ने कहा कि ग्रामीण सड़क से कोल वाहनों का परिचालन नहीं होने देंगे. कोल ट्रांसपोर्टिंग के लिए ट्रांसपोर्टर सड़क की व्यवस्था करे वर्ना कोल ट्रांसपोर्टिंग बंद कर देंगे.

प्रभावित रैयतों ने किया विरोध

रैयतों ने सड़क पर उतरकर कोल ट्रांसपोर्टिंग एकेए लोजेस्टिक, श्याम ट्रांसपोर्ट के विरोध में नारेबाजी करते हुए ट्रांसपोर्टिंग कंपनी को वापस जाने का मांग की. प्रभावित रैयतों की बैठक की अध्यक्षता करते पंचायत समिति सदस्य अरविंद कुमार साव और समाजसेवी गुरुदयाल साव ने संयुक्त रूप से कहा कि पिछले कुछ समय से ट्रांसपोर्टिंग वाहनों की चपेट में आने से केरेडारी के कई परिवार उजड़ गए. अब वाहनों से अन्य ग्रामीणों के घर उजड़ने नहीं देंगे.

ट्रांसपोर्टिंग सड़क निर्माण की मांग

रैयतों ने मांग करते हुए कहा कि कोल कंपनी ट्रांसपोर्टिंग सड़क का निर्माण कर कोयला की ढुलाई करे. जबतक कंपनी सड़क नहीं बनायेगी, तब तक कोयले का ट्रांसपोर्टिंग नहीं होने देंगे. बैठक में प्रभावित रैयतों ने कहा कि कई बार इस समस्या से संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक इस समस्या का समाधान नहीं निकला.

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बैठक में इनकी रही उपस्थिति

बैठक में रामचंद्र साव, रमेश साव, मो शौकत, प्रवीन यादव, दमरी यादव, देवेंद्र कुमार, प्रितम मिश्रा, बलदेव प्रसाद, राहत मियां, मो मन्नौवर, उत्तम राम, इजरायल मियां, तीजन राम, रविंद्र कुमार साव, रामचरित्र राम, मोहन साव, सीताराम साव, लक्ष्मण साव, उपेंद्र राम, बदरुदीन मियां, रेशमा प्रवीण, गुरुदयाल यादव, मो सुभान, महावीर साव समेत सैकड़ो लोग मौजूद थे।

रिपोर्ट : अरुण यादव , केरेडारी, हजारीबाग.

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Published by: Samir ranjan

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