तलवार रखने के लिए लाइसेंस दे रहे संत युवराज, महिलाओं के लिए ₹500 में सुरक्षा मंत्र, SP ने कही कार्रवाई की बात

मथुरा के थाना छाता के गांव रंधेरा के ब्रज धाम आश्रम के महंत और हिंदू सेना के प्रमुख संत युवराज का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बड़ी तेजी से वायरल हो रहा है.

आगरा. मथुरा के थाना छाता के गांव रंधेरा के ब्रज धाम आश्रम के महंत और हिंदू सेना के प्रमुख संत युवराज का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बड़ी तेजी से वायरल हो रहा है. इसमें वह हर सनातनी को घर में तलवार रखने की कह रहे हैं. संत युवराज ने वीडियो में कहा कि तलवार हिंसा के लिए नहीं, पूजा के लिए रखें. वही मथुरा पुलिस का कहना है कि इस वीडियो की जांच की जा रही है और जो भी आवश्यक कार्रवाई होगी वह की जाएगी. सोशल मीडिया पर वायरल 2 मिनट 32 सेकंड के इस वीडियो में संत युवराज कहते हैं की तलवार बांट रहा हूं हिंसा के लिए नहीं बांट रहा. पूजा के लिए बांट रहा हूं. उन्होंने कहा कि तलवार तो ₹1250 की है चाहे किसी भी देश से किसी भी शहर से मंगवाओ. इसकी लंबाई 3:15 फीट है. वजन सवा किलो है. तलवार कभी भी खराब नहीं होगी.

जिसे जो बिगड़ना है वह बिगाड़ ले

वीडियो में संत युवराज ने कहा कि उनके पास एक नारी सुरक्षा मंत्र भी है. जिसे माता बहने ₹500 में खरीद कर अपने पास रख सकती हैं. इसके लिए लाइसेंस दिया जाएगा. संत युवराज कह रहे हैं कि शस्त्र मठ की पहचान है. राइफल, रिवाल्वर, दोनाली का लाइसेंस बनवाइए. अगर सरकार पास नहीं करती तो हम डीएम के यहां से ठप्पा लगवाने का काम करेंगे. यह हमारा जन्मसिद्ध अधिकार है. जिसे जो बिगड़ना है वह बिगाड़ ले.

वाल्मीकि समाज को देर रहे तलवार पर छूट

धमकी भरे लहजे में संत युवराज ने कहा कि जिस हिंदू के घर में तलवार नहीं मिली. बंदूक नहीं मिली तो उसे लाल कर देंगे. हिंदू होने का परमिट भी नहीं देंगे. गृह मंत्रालय और प्रधानमंत्री कार्यालय से रिसीविंग मिल रही है. इसके बाद उन्होंने कहा कि वह वाल्मीकि समाज को तलवार के दामों में छूट भी देंगे. सभी को यह तलवार 1250 रुपये की है , वाल्मीकि समाज के लिए ₹800 की है. वायरल वीडियो के बारे में मथुरा के एसपी त्रिगुण विशेन का कहना है कि इस वीडियो की जांच कराई जा रही है. जो भी सत्यता होगी उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >