लैपटॉप यूज करते वक्त ये 1 गलती पड़ सकती है भारी

बिस्तर पर लैपटॉप इस्तेमाल करने से ओवरहीटिंग, बैटरी डैमेज और आग का खतरा बढ़ सकता है. जानिए सही इस्तेमाल के तरीके और कैसे बचाएं अपने लैपटॉप को बड़े नुकसान से.

आजकल ज्यादातर लोग आराम के लिए बिस्तर पर लेटकर लैपटॉप इस्तेमाल करना पसंद करते हैं. लेकिन यही आदत धीरे-धीरे आपके डिवाइस और आपकी सुरक्षा दोनों के लिए बड़ा खतरा बन सकती है. टेक एक्सपर्ट्स के मुताबिक, सॉफ्ट सतह पर लैपटॉप चलाने से ओवरहीटिंग का खतरा तेजी से बढ़ जाता है, जो सिर्फ परफॉर्मेंस ही नहीं बल्कि आग जैसी गंभीर दुर्घटनाओं का कारण भी बन सकता है.

क्यों खतरनाक है बिस्तर पर लैपटॉप चलाना?

लैपटॉप के नीचे दिए गए एयर वेंट्स डिवाइस को ठंडा रखने का काम करते हैं. जब आप इसे बिस्तर, तकिए या कंबल पर रखते हैं, तो ये वेंट्स ब्लॉक हो जाते हैं. इससे अंदर की गर्मी बाहर नहीं निकल पाती और मशीन तेजी से गर्म होने लगती है. लगातार ऐसा होने पर डिवाइस के अहम पार्ट्स पर सीधा असर पड़ता है.

ओवरहीटिंग से कौन-कौन सी समस्याएं आती हैं?

जब लैपटॉप ज्यादा गर्म होता है, तो सबसे पहले उसकी परफॉर्मेंस गिरती है. सिस्टम स्लो हो जाता है और हैंग होने लगता है. लंबे समय तक यही स्थिति बनी रहे, तो मदरबोर्ड जैसे जरूरी कंपोनेंट्स खराब हो सकते हैं. कई मामलों में कूलिंग फैन पर भी दबाव बढ़ जाता है, जिससे वह जल्दी खराब हो जाता है.

बैटरी और आग का खतरा

लैपटॉप की बैटरी गर्मी को बिल्कुल सहन नहीं कर पाती. ज्यादा तापमान में बैटरी फूल सकती है, लीक हो सकती है या बेहद खराब स्थिति में फट भी सकती है. अगर लैपटॉप पर भारी काम किया जा रहा हो और वह सॉफ्ट सतह पर रखा हो, तो आग लगने का खतरा भी बढ़ जाता है. यही वजह है कि एक्सपर्ट्स इसे सबसे बड़ी गलती मानते हैं.

धूल और कपड़ों के कण भी बनते हैं वजह

बिस्तर पर इस्तेमाल करने से लैपटॉप का फैन आसपास के कपड़ों के रेशे और धूल को अंदर खींच लेता है. इससे कूलिंग सिस्टम धीरे-धीरे कमजोर हो जाता है और डिवाइस ज्यादा गर्म होने लगता है. यह समस्या समय के साथ और गंभीर हो जाती है.

कैसे करें सही इस्तेमाल?

लैपटॉप को हमेशा हार्ड और फ्लैट सतह पर ही रखें, जैसे टेबल या लैपटॉप स्टैंड. इससे एयर फ्लो सही बना रहता है और डिवाइस सुरक्षित रहता है. अगर लंबे समय तक काम करना हो, तो कूलिंग पैड का इस्तेमाल करना भी एक अच्छा विकल्प हो सकता है.

छोटी आदत, बड़ा नुकसान

बिस्तर पर लैपटॉप चलाना भले ही आरामदायक लगे, लेकिन यह आदत आपके डिवाइस की लाइफ और आपकी सुरक्षा दोनों को खतरे में डाल सकती है. सही इस्तेमाल और थोड़ी सावधानी से आप इस जोखिम से आसानी से बच सकते हैं.

यह भी पढ़ें: कंज्यूमर और कमर्शियल लैपटॉप में बेहतर कौन? खरीदने से पहले जानें पूरा फर्क

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Rajeev Kumar

राजीव, हिंदी डिजिटल मीडिया के अनुभवी पत्रकार हैं और प्रभातखबर डॉट कॉम में कार्यरत हैं. अपने 15 वर्षों से अधिक के पत्रकारीय अनुभव के दौरान उन्होंने टेक्नोलॉजी और ऑटोमोबाइल सेक्टर की हजारों खबरों, एक्सप्लेनर, एनालिसिस और फीचर स्टोरीज पर काम किया है. आसान भाषा, गहरी रिसर्च और यूजर-फर्स्ट अप्रोच उनकी कंटेंट राइटिंग की सबसे बड़ी पहचान है.

राजीव की एक्सपर्टीज स्मार्टफोन, गैजेट्स, एआई, मशीन लर्निंग, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT), साइबर सिक्योरिटी, टेलीकॉम, कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, ICE और हाइब्रिड कारों, ऑटोनोमस ड्राइविंग के साथ-साथ डिजिटल ट्रेंड्स जैसे टॉपिक्स में रही है. वे लगातार बदलती टेक और ऑटो इंडस्ट्री पर नजर रखते हैं और रिपोर्ट्स, ऑफिशियल डेटा, कंपनी अपडेट्स और एक्सपर्ट इनसाइट्स के आधार पर सटीक और भरोसेमंद जानकारी यूजर्स तक पहुंचाते हैं.

डिजिटल मीडिया में राजीव की खास पहचान SEO-ऑप्टिमाइज्ड और डेटा-ड्रिवेन कंटेंट के लिए भी रही है. Google Discover और यूजर एंगेजमेंट को ध्यान में रखते हुए वे ऐसे आर्टिकल्स तैयार करते हैं, जो न केवल जानकारी भरे होते हैं, बल्कि यूजर्स की जरूरत और सर्च ट्रेंड्स से भी मेल खाते हैं. टेक और ऑटो सेक्टर पर उनके रिव्यू, एक्सपर्ट इंटरव्यू, कॉम्पैरिजन-बेस्ड आर्टिकल्स और एक्सप्लेनर स्टोरीज को यूजर्स काफी पसंद करते हैं.

राजीव ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत वर्ष 2011 में प्रभात खबर दैनिक से की थी. शुरुआती दौर में उन्होंने देश-विदेश, कारोबार, संपादकीय, साहित्य, मनोरंजन, पॉजिटिव जर्नलिज्म और फीचर राइटिंग जैसे अलग-अलग बीट्स पर काम किया. इसके बाद डिजिटल प्लैटफॉर्म पर उन्होंने रिपोर्टिंग, वैल्यू-ऐडेड स्टोरीज और ट्रेंड आधारित कंटेंट के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई.

जमशेदपुर में जन्मे राजीव की प्रारंभिक शिक्षा सीबीएसई स्कूल से हुई है. इसके बाद उन्होंने भारतीय विद्या भवन, पुणे से जर्नलिज्म ऐंड मास कम्यूनिकेशन में पोस्ट ग्रैजुएट डिप्लोमा किया. पत्रकारिता के मूल सिद्धांत 5Ws+1H पर उनकी मजबूत पकड़ उन्हें खबरों की गहराई समझने और उनको आसान, स्पष्ट और प्रभावी भाषा में यूजर्स तक पहुंचाने में मदद करती है.

जुड़िए rajeev.kumar@prabhatkhabar.in पर

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >