तकनीक अब हमारी जिंदगी का हिस्सा बन चुकी है. मोबाइल से लेकर स्मार्ट स्पीकर तक हर जगह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) मौजूद है. अब गूगल ने Gmail को भी पूरी तरह बदल दिया है. नया अपडेट Gemini AI के साथ आया है, जो आपके मेल को सिर्फ दिखाता नहीं बल्कि समझता भी है. सवाल यही है- क्या यह सुविधा मददगार है या आपकी निजता पर खतरा?
Gemini AI क्या है?
गूगल का Gemini AI एक उन्नत असिस्टेंट है, जो टेक्स्ट, इमेज, ऑडियो और कोड तक समझने और बनाने की क्षमता रखता है. यह पहले से ही Google Search, Maps और Docs में इस्तेमाल हो रहा था. अब Gmail में इसे “AI Inbox” नामक नये इंटरफेस के साथ जोड़ा गया है. इसमें मेल को प्राथमिकता के आधार पर दिखाया जाता है और लंबे थ्रेड्स का सारांश भी मिलता है.
Gmail में नए बदलाव
- AI Overview: लंबे ईमेल थ्रेड्स की समरी ऊपर दिखेगी
- Help Me Write: जवाब लिखने में मदद करेगा और आपकी शैली के अनुसार सुझाव देगा
- To-Do List: मेल से स्वतः कामों की सूची बनाएगा, जैसे बिल भुगतान या मीटिंग
- Topics to Catch Up On: मेल को प्रोजेक्ट या इवेंट के आधार पर समूहित करेगा
इनमें से कुछ फीचर्स मुफ्त हैं, जबकि एडवांस टूल्स पेड सब्सक्रिप्शन में मिलेंगे.
क्या गूगल सचमुच पढ़ रहा है आपके ईमेल?
गूगल का दावा है कि उसके कर्मचारी आपके मेल नहीं पढ़ते. लेकिन Gemini AI को काम करने के लिए “रीड ऐक्सेस” चाहिए. यानी सिस्टम आपके मेल को देखता है ताकि सारांश, टू-डू लिस्ट और स्मार्ट रिप्लाई बना सके. विशेषज्ञों का कहना है कि यह नया तरीका थोड़ा ज्यादा गहराई से डेटा को समझता है, जिससे यूजर्स को निजता को लेकर चिंता हो सकती है.
सुरक्षा और खतरे
हाल ही में एक रिपोर्ट में पाया गया कि AI को गलत कोड वाले मेल से भ्रमित किया जा सकता है. हालांकि गूगल ने तुरंत सुरक्षा पैच जारी कर दिया. विशेषज्ञ मानते हैं कि कोई भी ऑनलाइन सेवा पूरी तरह सुरक्षित नहीं होती, लेकिन गूगल लगातार सुरक्षा को मजबूत करने पर काम कर रहा है.
Gemini को कैसे बंद करें?
अगर आप इन फीचर्स का इस्तेमाल नहीं करना चाहते तो Gmail सेटिंग्स में जाकर “Smart Features” को बंद कर सकते हैं.
- Desktop पर: Settings → General → SmartFeatures → Uncheck → Save
- Mobile पर: Menu → Settings → DataPrivacy → SmartFeatures Off
वर्क या स्कूल अकाउंट में यह ऑप्शन एडमिन के हाथ में होता है.
स्मार्ट और तेज तो बना रहा, लेकिन प्राइवेसी खतरे में
Gemini AI Gmail को स्मार्ट और तेज बना रहा है, लेकिन साथ ही निजता को लेकर सवाल भी खड़े कर रहा है. यूजर के पास विकल्प है कि वह इसे इस्तेमाल करे या बंद कर दे. तकनीक जितनी सुविधाजनक है, उतनी ही सतर्कता भी जरूरी है.
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