बंद हुआ रेलमार्ग फिर खुलेगा, सिलीगुड़ी से बांग्लादेश होकर आयेगी ट्रेन

कोलकाता : कभी भारत-पाकिस्तान युद्ध के कारण बंद कर दिया गया पश्चिम बंगाल का सिलीगुड़ी-सियालदह रूट फिर से शुरू होने की आश जगी है. बांग्लादेश होकर सियालदह पहुंचने वाले इस मार्ग के शुरू होने से सिलीगुड़ी से सियालदह की दूरी 200 किलोमीटर कम हो जायेगी. सूत्रों की मानें तो रेल मंत्रालय इस मार्ग का इस्तेमाल […]

कोलकाता : कभी भारत-पाकिस्तान युद्ध के कारण बंद कर दिया गया पश्चिम बंगाल का सिलीगुड़ी-सियालदह रूट फिर से शुरू होने की आश जगी है. बांग्लादेश होकर सियालदह पहुंचने वाले इस मार्ग के शुरू होने से सिलीगुड़ी से सियालदह की दूरी 200 किलोमीटर कम हो जायेगी. सूत्रों की मानें तो रेल मंत्रालय इस मार्ग का इस्तेमाल फिर से करने वाला है.
आशा की जा सकती है कि इस मार्ग पर 2021 से फिर से लोकल, एक्सप्रेस और माल गाड़ियों का परिचालन शुरू हो जायेगा. फिलहाल इस रूट पर मालगाड़ियों की आवाजाही शुरू की जायेगी. अधिकारियों ने बाद में पैसेंजर ट्रेन की संभावना से भी इनकार नहीं किया. अगर ऐसा होता है तो सिलीगुड़ी से सियालदह का सफर 11 से 7 घंटे का हो जायेगा. इस रूट पर ट्रेन बांग्लादेश पेट्रापोल-बेनापोल बॉर्डर से होकर गुजरेगी. सिलीगुड़ी से चलने वाली ट्रेन चिलहटी, दोमार, सईदपुर, दर्शना और पर्बतीपुर होते हुए सियालदह पहुंचेगी.
1965 में बंद किया गया था रूट : भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध के चलते साल 1965 में सिलीगुड़ी-सियालदह रेलवे रूट को बंद कर देना पड़ा था. हालांकि उस दौरान उक्त मार्ग के बंद होने से रेल यातायात पर काफी बुरा प्रभाव पड़ा था.
हालांकि बीच-बीच में इसे फिर से शुरू करने की मांग उठती रही.रेलवे ने इस मार्ग पर इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लिए 11 करोड़ रुपये सैंक्शन किये हैं. इससे पहले भी रेल विभाग की तरफ से 31 करोड़ रुपये सैंक्शन किए जा चुके हैं. जलपाईगुड़ी के एडीआरएम प्रीतम रॉय ने कहा कि इस प्रॉजेक्ट को 2021 तक पूरा करने का लक्ष्य है. इस साल मार्च में न्यू जलपाईगुड़ी से एक इंजन का संचालन इस रूट पर किया गया था.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar digital desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >