कोलकाता. तृणमूल कांग्रेस के सांसद व राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के घर और दफ्तर की रेकी करने वाले राजाराम रेगे को पुलिस ने मुंबई से गिरफ्तार किया है. इसके बाद से तृणमूल और भाजपा के बीच सियासी जंग शुरू हो गयी है. जहां तृणमूल को संदेह है कि यह हत्या का प्रयास था. वहीं, भाजपा का दावा है कि फायदा पहुंचाने के लिए यह सब किया गया नाटक है. गौरतलब है कि आरोपी राजाराम कुछ दिनों के लिए कोलकाता आया था. इस अवधि के दौरान उसने कथित तौर पर अभिषेक बनर्जी के घर और कार्यालय की रेकी की थी. इस संबंध में राज्यसभा में तृणमूल के पूर्व सांसद डॉ शांतनु सेन ने कहा कि कोलकाता पुलिस ने असाधारण कर्तव्य निभाया है. अगर यह प्रयास सफल हो जाता, तो क्या होता. कौन जानता है. लोकप्रियता के डर से भाजपा अभिषेक बनर्जी को रोकने की कोशिश कर रही है. दूसरी तरफ, पूर्व केंद्रीय मंत्री और दक्षिण कोलकाता से भाजपा उम्मीदवार देबश्री चौधरी ने कहा कि तृणमूल डर के मारे अभिषेक बनर्जी और ममता बनर्जी की सुरक्षा बढ़ाने की कोशिश कर रही है. लोकसभा चुनाव में हार के भय से ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी घबरा गये हैं और बुआ और भतीजा सिर्फ अपनी जान बचाने के लिए ड्रामा कर रहे हैं.
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