1. home Hindi News
  2. state
  3. west bengal
  4. pm modi government will take tough action against alapan bandopadhyay or not know experts view mtj

ममता बनर्जी के चहेते IAS आलापन बंद्योपाध्याय के खिलाफ होगी कार्रवाई? क्या कहते हैं विशेषज्ञ

By Prabhat khabar Digital
Updated Date
Alapan Bandyopadhyay
Alapan Bandyopadhyay
File Photo

कोलकाता : ममता बनर्जी के चहेते अधिकारी और पश्चिम बंगाल के पूर्व मुख्य सचिव आलापन बंद्योपाध्याय के खिलाफ कार्रवाई होगी या नहीं. इस मुद्दे पर विशेषज्ञों की राय अलग-अलग है. आलापन बंद्योपाध्याय 31 मई को रिटायर हुए हैं और बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने उन्हें तीन साल के लिए अपना मुख्य सलाहकार नियुक्त कर लिया है. वहीं, केंद्र से आलापन को नोटिस जारी किया गया है.

आलापन बंद्योपाध्याय को केंद्र द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी करने पर कानूनी विशेषज्ञों की अलग-अलग राय है. कुछ विशेषज्ञों का दावा है कि यह कदम टिकने वाला नहीं है. वहीं अन्य का कहना है कि सेवा नियमों के उल्लंघन को लेकर कार्रवाई शुरू की जा सकती है.

केंद्र और ममता बनर्जी सरकार के बीच खींचतान के बीच केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आपदा प्रबंधन अधिनियम के सख्त प्रावधान के तहत आलापन बंद्योपाध्याय को कारण बताओ नोटिस जारी किया है. इस प्रावधान के तहत दो साल तक की कैद हो सकती है.

वरिष्ठ अधिवक्ता विकास रंजन भट्टाचार्य ने कहा कि कारण बताओ नोटिस कानूनी कसौटी पर टिकने वाला नहीं है. त्रिपुरा के महाधिवक्ता रह चुके माकपा नेता विकास रंजन ने कहा, ‘किसी बैठक में अनुपस्थिति किसी भी तरह से आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत जारी निर्देशों का उल्लंघन नहीं है, इसलिए जारी किया गया कारण बताओ नोटिस कानूनी कसौटी पर टिकने वाला नहीं है.’

उनकी बात का प्रतिवाद करते हुए वकील लोकनाथ चटर्जी ने कहा कि आपदा प्रबंधन कानून के प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई नहीं करने वाले व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है. उन्होंने कहा, ‘...यह उनके सेवा नियमों और आपदा प्रबंधन कानून का उल्लंघन है. एक वरिष्ठ प्राधिकार द्वारा ऐसा करने के लिए कहे जाने के बावजूद उन्होंने बैठक में भाग नहीं लिया.’

वहीं एक अन्य वकील जयंत नारायण चटर्जी ने कहा कि आपदा प्रबंधन कानून की धारा 51-बी के तहत कारण बताओ नोटिस जारी करने का कोई प्रावधान नहीं है. ज्ञात हो कि गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने मंगलवार को बताया कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा सोमवार को आलापन बनर्जी की सेवानिवृत्ति की घोषणा से कुछ घंटे पहले उन्हें आपदा प्रबंधन अधिनियम की धारा 51-बी के तहत नोटिस भेजा गया. मंत्रालय के अधिकारी ने बताया कि आलापन से तीन दिन के अंदर नोटिस का जवाब देने को कहा गया है.

क्या है विवाद

पश्चिम बंगाल काडर के 1987 बैच के आईएएस अधिकारी आलापन बंद्योपाध्याय 60 वर्ष के होने पर सोमवार (31 मई) को सेवानिवृत्त होने वाले थे, लेकिन केंद्र ने उन्हें तीन महीने का कार्य विस्तार दिया था. इसके बाद, केंद्र ने एक आकस्मिक फैसले में 28 मई को आलापन बनर्जी की सेवाएं मांगी थीं और राज्य सरकार को प्रदेश के शीर्ष नौकरशाह को तत्काल कार्यमुक्त करने को कहा था.

ममता ने आलापन को बनाया सीएम का मुख्य सलाहकार

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस मामले पर सोमवार को प्रधानमंत्री को पत्र लिखा और आलापन को सेवानिवृत्त होने की अनुमति देने के बाद उन्हें तीन साल के लिए अपना मुख्य सलाहकार नियुक्त कर दिया. आलापन बंद्योपाध्याय को तीन दिन में गृह मंत्रालय को लिखित में यह बताने के लिए कहा गया है कि उनके खिलाफ अधिनियम के प्रावधानों के तहत कार्रवाई क्यों न की जाये.

Posted By: Mithilesh Jha

Share Via :
Published Date

संबंधित खबरें

अन्य खबरें