SIR Bengal: नोबेल पुरस्कार से सम्मानित अर्थशास्त्री अमर्त्य सेन को इलेक्शन कमीशन ऑफ इंडिया की ओर से नोटिस भेजे जाने पर बंगाल में राजनीतिक बवाल खड़ा हो गया था. अमर्त्य सेन की आज क्या है स्थिति? वे पश्चिम बंगाल के वोटर हैं या नहीं? वोटर लिस्ट में उनका स्टेटस क्या है?
वोटर लिस्ट में एनआरआई मतदाता हैं अमर्त्य सेन
पश्चिम बंगाल में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद मतदाता सूची जारी हो चुकी है. 60 लाख लोगों के दस्तावेजों की जांच लीगल ऑफिसर्स कर रहे हैं. एसआईआर प्रक्रिया के बाद अमर्त्य सेन के बारे में फैसला आ चुका है. उनकी स्थिति ‘अनिवासी भारतीय’ (NRI Voter) के रूप में दर्ज की गयी है.
28 फरवरी को जारी लिस्ट में अमर्त्य सेन का भी है नाम
एसआईआर की प्रक्रिया के बीच निर्वाचन आयोग ने अर्थशास्त्री के शांतिनिकेतन स्थित आवास पर सुनवाई का नोटिस भेजा था. इसके बाद राजनीतिक और शैक्षणिक हलकों में बड़ी बहस छिड़ गयी थी. एसआईआर की प्रक्रिया के बाद 28 फरवरी को वोटर लिस्ट जारी की गयी. इसमें प्रोफेसर अमर्त्य सेन का नाम एसआईआर की लिस्ट में शामिल किया गया.
बंगाल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
SIR Bengal: सुनवाई के दौरान विदेश में थे अमर्त्य सेन
अर्थशास्त्री सेन को सुनवाई का नोटिस भेजे जाने के बाद, निर्वाचन आयोग के अधिकारी सुनवाई की औपचारिकताएं पूरी करने के लिए सेन के शांतिनिकेतन स्थित आवास गये. नोबेल पुरस्कार विजेता उस समय विदेश में थे. इस प्रक्रिया के दौरान अधिकारियों को कई दस्तावेज सौंपे गये, जिनमें 2002 की मतदाता सूची की प्रति, सेन का पासपोर्ट और आधार कार्ड, साथ ही उनकी माता अमिता सेन का मृत्यु प्रमाण पत्र शामिल थे.
अमर्त्य सेन के परिजनों और मित्रों ने ली राहत की सांस
सेन परिवार के एक मित्र ने कहा था कि परिवार में इस बात को लेकर काफी चिंता थी कि उनका नाम अंततः मतदाता सूची में रहेगा या नहीं. हालांकि, अंतिम एसआईआर सूची के प्रकाशन से, जिसमें उनका नाम शामिल होने की पुष्टि हुई, परिवार के सदस्यों और करीबी सहयोगियों ने राहत की सांस ली.
इसे भी पढ़ें
एसआईआर में कई अहम मुद्दे बेअसर, तृणमूल-भाजपा के लिए अस्तित्व की लड़ाई
SIR पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा- बंगाल से ज्यादा नाम कटने वाले राज्यों में नहीं हुआ मुकदमा
बंगाल चुनाव 2026: एसआईआर में गायब हो गयीं 33 लाख महिला वोटर, क्या होगा असर?
