मानिक भट्टाचार्य के परिवार को हाइकोर्ट से राहत नहीं

राज्य में प्राथमिक शिक्षक नियुक्ति भ्रष्टाचार मामले में प्राथमिक शिक्षा पर्षद के पूर्व अध्यक्ष व तृणमूल विधायक मानिक भट्टाचार्य के परिवार ने कलकत्ता उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था, लेकिन उन्हें राहत नहीं मिली.

संवाददाता, कोलकाता

राज्य में प्राथमिक शिक्षक नियुक्ति भ्रष्टाचार मामले में प्राथमिक शिक्षा पर्षद के पूर्व अध्यक्ष व तृणमूल विधायक मानिक भट्टाचार्य के परिवार ने कलकत्ता उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था, लेकिन उन्हें राहत नहीं मिली.

अदालत ने परिवार की याचिका को सुनने से ही इंकार कर दिया. मानिक भट्टाचार्य की पत्नी शतरूपा भट्टाचार्य और बेटे सौविक भट्टाचार्य ने नियुक्ति भ्रष्टाचार की जांच और मुकदमे की प्रक्रिया से छूट की मांग करते हुए एक याचिका दायर की थी. हालांकि, कलकत्ता उच्च न्यायालय के न्यायमूर्ति जय सेनगुप्ता ने उस याचिका में हस्तक्षेप नहीं किया. न्यायाधीश जय सेनगुप्ता ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि निचली अदालत की सुनवाई प्रक्रिया में अभी हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता. हालांकि, अदालत ने जांच की प्रगति और मुकदमे की प्रक्रिया के बारे में चार सप्ताह के भीतर एक हलफनामा प्रस्तुत करने का आदेश दिया.

गौरतलब है कि मानिक भट्टाचार्य, उनकी पत्नी और बेटे, तीनों पर शिक्षक नियुक्ति भ्रष्टाचार में शामिल होने का आरोप है. जांच में सहयोग करने और अदालत के आदेशों को लागू करने में तीनों की भूमिका पर भी सवाल हैं.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By AKHILESH KUMAR SINGH

AKHILESH KUMAR SINGH is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >