सहकारी बैंक को फिर से खड़ा करने का कलकत्ता हाइकोर्ट का निर्देश

कोलकाता: कलकत्ता हाइकोर्ट ने एक सहकारी बैंक को फिर खड़ा करने के लिए समिति के गठन का निर्देश दिया. प्रबंधन की कथित वित्तीय अनियमितताओं की वजह से यह बैंक बंद हो चुका है. मुख्य न्यायाधीश जे भट्टाचार्य तथा न्यायमूर्ति ए बनर्जी की खंडपीठ ने गुरुवार को एक तीन सदस्यीय समिति के गठन का निर्देश दिया […]

कोलकाता: कलकत्ता हाइकोर्ट ने एक सहकारी बैंक को फिर खड़ा करने के लिए समिति के गठन का निर्देश दिया. प्रबंधन की कथित वित्तीय अनियमितताओं की वजह से यह बैंक बंद हो चुका है.

मुख्य न्यायाधीश जे भट्टाचार्य तथा न्यायमूर्ति ए बनर्जी की खंडपीठ ने गुरुवार को एक तीन सदस्यीय समिति के गठन का निर्देश दिया है. इस समिति में एक राष्ट्रीयकृत बैंक का अधिकारी, एक पश्चिम बंगाल के सहकारी विभाग का अधिकारी और एक अधिवक्ता होंगे.

यह समिति तीन महीने में रामकृष्णपुर सहकारी बैंक के पुनरोद्धार पर तीन महीने बाद रिपोर्ट सौंपेगी. हावड़ा का यह सहकारी बैंक वर्ष 2011 में बंद हो गया था.

बैंक के जर्माकर्ताओं की संख्या 30,000 है. ग्राहकों की ओर से उपस्थित अधिवक्ता रविशंकर चटर्जी ने कहा कि जमाकर्ताओं की जमा राशि लौटायी नहींगयी है.

चटर्जी ने बताया कि कुछ जमाकर्ता वर्ष 2012 में हाइकोर्ट गये थे. उन्होंने बैंक प्रबंधन पर वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाया है.

जमाकर्ता बैंक को फिर खोलने तथा उनकी जमा वापस करने की मांग कर रहे हैं. अदालत ने निर्देश दिया है कि समिति इस कथित घोटाले पर गौर करेगी और यदि कोई गड़बड़ी पायी जाती है, तो जांच की सिफारिश करेगी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >