कोलकाता : केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना करनेवाली पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एक बार फिर केंद्र सरकार व भाजपा पर तीखा प्रहार किया है. हालांकि, इस बार उन्होंने बयानबाजी ना करते हुए कविता के माध्यम से केंद्र सरकार पर हमला बोला है. असम में राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) को लेकर भाजपा पर तृणमूल कांग्रेस प्रमुख व पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अब कविता के जरिए केंद्र सरकार पर निशाना साधा है.
सोमवार को अपने आधिकारिक ट्वीटर एकाउंट व फेसबुक पेज पर सुश्री बनर्जी ने अपनी एक कविता ‘परिचय’ को पोस्ट किया है. इस कविता के माध्यम से मुख्यमंत्री ने देश के लोगों से उनका परिचय पूछा है. आखिर हमारा परिचय क्या है, साथ ही उन्होंने नाम लिए बगैर केंद्र की भाजपा सरकार पर निशाना साधा है. बांग्ला भाषा में मुख्यमंत्री ने अपनी कविता में लिखा है तुम्हारा ओहदा क्या है? तुम्हारे पूर्वजों का परिचय क्या है, भाषा क्या है, धर्म क्या है, क्या खाते हो, नहीं जानते तो, तो जाओ, फिर इस पृथ्वी पर तुम्हारी कोई जगह नहीं.
सुश्री बनर्जी ने आगे लिखा है तुम कौन हो? तुम्हारी परिचय क्या है, कहां रहते हो, कहां से शिक्षा हासिल की, सब बताओ, नहीं तो तुम देश द्रोही हो. अपनी कविता के जरिए ममता ने केंद्र सरकार की जनधन योजना और असम के एनआरसी पर भी निशाना साधा है और लिखा है तुम्हारे पांच पूर्वजों के नाम पंजीकृत हैं कि नहीं? तुम्हारा क्या गोबर-धन अकाउंट है? नहीं? तो फिर तुम घुसपैठिए हो.
इतना ही नहीं मुख्यमंत्री ने कविता के माध्यम से अन्य कई मुद्दे पर कटाक्ष करते हुए कहा है कि क्या तुम ‘मन की बात’ सुनते हो, क्या तुम सत्तारूढ़ पार्टी के खिलाफ लिखते हो, तुम्हारा फोन क्या ‘आधार’ से जुड़ा है, क्या तुम पे-बी टीम के मेंबर हो, सब कुछ क्या लिंक किया हुआ है, क्या तुम शासक के विरोधी हो, तब तुम्हारे लिए कोई स्थान नहीं, तुम उग्रवादी हो. इसी प्रकार, मुख्यमंत्री ने कविता के माध्यम से कई अन्य मुद्दों को उठाते हुए केंद्र सरकार को घेरने की कोशिश की है.
