प्रतिनिधि, हल्दिया
हल्दिया बंदरगाह पर गत शनिवार की रात को एक स्वचालित क्रेन में आग लगने से अफरातफरी मच गयी. घटना उस वक्त घटी, जब जहाज से कोयला उतारा जा रहा था. बंदरगाह सूत्रों के मुताबिक, रात करीब 8.30 बजे बंदरगाह के गोदी क्षेत्र में बर्थ नंबर-2 पर एक स्वचालित मोबाइल हार्बर क्रेन में आग लगी.
बोथरा शिपिंग एजेंसी को उस बर्थ पर माल लोडिंग व अनलोडिंग का दायित्व मिला है. शनिवार की शाम एक विदेशी जहाज इंडोनेशिया से कोकिंग कोयला लेकर पारादीप के बाद हल्दिया बंदरगाह पहुंचा. जहाज में लगभग 37 हजार टन कोयला था.
जहाज के सर्वे के बाद रात करीब आठ बजे कोयला अनलोडिंग का काम शुरू हुआ था. अचानक क्रेन ऑपरेटर की नजर सेंसर पर पड़ी और उसे अहसास हुआ कि क्रेन में आग लगी हुई है. चार मंजिल जितनी ऊंची जगह से नीचे आने के कुछ क्षण बाद क्रेन भयावह तरीके से जलने लगा. बंदरगाह की हैंडलिंग एजेंसी रिप्ले के कर्मचारी कार्तिक अधिकारी ने कहा कि बंदरगाह और अग्निशमन विभाग की छह गाड़ियों के प्रयास से करीब डेढ़ घंटे बाद आग पर काबू पाया गया. हालांकि क्रेन ऑपरेटर ने सूझबूझ से अपनी जान बचा ली. यदि सेंसर ठीक से काम नहीं करते, तो बड़ा हादसा हो सकता था, क्योंकि वहां काफी परिमाण में कोयला था. कुछ साल पहले बर्थ नंबर-13 में आग लगने से एक क्रेन ऑपरेटर की मौत हो गयी थी.
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