तृणमूल कांग्रेस नेता की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या

By Prabhat Khabar Digital Desk
Updated Date
हुगली : जिले के चुंचुड़ा थाना क्षेत्र के बंडेल स्टेशन के पांच नंबर प्लेटफॉर्म के पास बेखौफ बदमाशों ने शनिवार सुबह 10 बजे के करीब स्थानीय तृणमूल नेता दिलीप राम की गोली मारकर हत्या कर दी. प्वाइंट ब्लैंक रेंज से दिलीप के सिर में गोली मारी गयी. वह बंडेल पंचायत प्रधान नीतू सिंह के पति थे. कृषि विपणन मंत्री तपन दासगुप्ता ने हत्याकांड के खिलाफ रविवार को चुंचुड़ा विधानसभा क्षेत्र में 24 घंटे के बंद का एलान किया है.
उन्होंने चंदननगर के पुलिस कमिश्नर से मुलाकात कर अविलंब इस हत्याकांड में नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार करने की मांग की है. गोली चलने की आवाज से स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी मच गयी. दिलीप नैहाटी जाने के लिए घर से निकले थे. रेलवे लाइन क्रास कर आगे बढ़ने के दौरान उन्हें पहले से घात लगा कर बैठे अपराधियों ने गोली मार दी.
गोली लगते ही वह खून से लथपथ हालत में रेल लाइन पर गिर पड़े. स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें चुंचुड़ा सदर इमामबाड़ा अस्पताल में दाखिल कराया गया. वहां से उन्हें कोलकाता रेफर कर दिया गया. कोलकाता ले जाते वक्त डानकुनी के नजदीक रास्ते में उन्होंने दम तोड़ दिया. शव को तत्काल चुंचुड़ा सदर इमामबाड़ा अस्पताल में वापस लाकर पोस्टमार्टम की व्यवस्था की गयी. घटना की वजह से इलाके में तनाव व्याप्त हो गया.
मृतक की पत्नी एवं पंचायत प्रधान नीतू ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि लोकसभा चुनावों में भाजपा को मिली जीत के बाद ही इस पार्टी के समर्थक उनके पति के दुश्मन बन गये थे. लोकसभा चुनाव में हुगली सीट से लॉकेट चटर्जी की जीत के बाद दिलीप को जय श्रीराम का नारा लगाने पर मजबूर किया गया था. उन्हें बार-बार जान से मारने की धमकी दी जा रही थीं. उन पर भाजपा में शामिल होने के लिए दबाव बनाया जा रहा था. शनिवार को उनकी सरेआम हत्या कर दी गयी.
घटना की सूचना पाकर पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंचे. घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया गया. पुलिस अपराधियों की तलाश में जुटी है. कुछ लोग घटना को राजनीतिक रंजिश से जोड़कर देख रहे हैं तो कुछ इसे दो पक्षों में विवाद का मामला मान रहे हैं. भाजपा इसे तृणमूल के दो गुटों की रंजिश का नतीजा बता रही है .
उधर, पुलिस सूत्रों के मुताबिक, यह मामला राजनीति से जुड़ा नहीं है. यह सीधे तौर पर गैंगवार का मामला जान पड़ता है. इस बीच, हुगली की सांसद लॉकेट चटर्जी ने तृणमूल विधायक असित मजूमदार पर पलटवार करते हुए कहा कि सबसे पहले तृणमूल विधायक को गिरफ्तार किया जाना चाहिए. पुलिस को नहीं मालूम कि किसी की हत्या की साजिश रची जा रही है, तो तृणमूल विधायक को यह कैसे मालूम हुआ. यह सब तृणमूल के अंदरूनी कलह का नतीजा है.
Share Via :
Published Date
Comments (0)
metype

संबंधित खबरें

अन्य खबरें