रानीगंज में टीएमसी उपप्रधान पर अवैध बालू खनन का आरोप, वीडियो वायरल

इस वीडियो में कथित तौर पर सिधान मंडल के नेतृत्व में अवैध रूप से बालू खनन और परिवहन किये जाने के संकेत मिल रहे हैं.

बल्लभपुर ग्राम पंचायत क्षेत्र में विवाद, उपप्रधान सिधान मंडल ने आरोपों को बताया राजनीतिक साजिश

रानीगंज. शिल्पांचल में अवैध कोयला और बालू तस्करी के मामलों में सत्ताधारी दल के नेताओं पर संरक्षण देने के आरोप लंबे समय से लगते रहे हैं. रविवार को रानीगंज के बल्लभपुर ग्राम पंचायत क्षेत्र से ऐसा ही एक मामला सामने आया, जब तृणमूल कांग्रेस के नेता और ग्राम पंचायत के उपप्रधान सिधान मंडल से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. इस वीडियो में कथित तौर पर सिधान मंडल के नेतृत्व में अवैध रूप से बालू खनन और परिवहन किये जाने के संकेत मिल रहे हैं.

””””प्रभात खबर”””” इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है, लेकिन घटना ने टीएमसी नेताओं के एक वर्ग की बालू तस्करी में संभावित संलिप्तता को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिये हैं.

प्रशासन की चुप्पी पर सवाल

ग्रामीणों के विरोध और वीडियो वायरल होने के बावजूद अब तक पुलिस-प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है. अवैध बालू खनन एक गंभीर कानूनी अपराध है, ऐसे में प्रशासन की चुप्पी ने स्थानीय स्तर पर कई सवाल खड़े कर दिये हैं.

सिधान मंडल की सफाई ‘राजनीतिक साजिश’ करार दिया

””””प्रभात खबर”””” से फोन पर बातचीत में उपप्रधान सिधान मंडल ने सभी आरोपों को खारिज कर इसे राजनीतिक साजिश बताया. उन्होंने कहा, “मेरे नाम को बदनाम किया जा रहा है, इसमें विरोधी दलों का हाथ है. ट्रैक्टर चालक मेरा नाम ले रहा है, लेकिन इस इलाके में मेरे नाम के कई सिधान हैं. जो वीडियो वायरल हो रहा है, वह पुराना है और मेरे घर के सामने का है. घर के बाहर हंगामा हुआ तो मुझे बाहर आना ही पड़ा. ट्रैक्टर में कहीं भी मेरा नाम नहीं है. चालक किसी और जगह से बालू लाकर मेरा नाम घसीट रहा है.”

दो वीडियो, दो जगह-एक ही विवाद

वायरल हुए वीडियो दो अलग-अलग समय और स्थानों के बताये जा रहे हैं, जिनकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है.

दिन का वीडियो (नूपुर कॉलोनी)

इस वीडियो में ग्रामीणों का एक समूह बालू से लदा ट्रैक्टर रोककर ड्राइवर से पूछताछ करता दिख रहा है. पूछताछ में ड्राइवर कथित तौर पर यह स्वीकार करता है कि ट्रैक्टर और बालू सिधान मंडल का है और वह लंबे समय से उन्हीं के निर्देश पर काम कर रहा है.

रात का वीडियो (बेलुनिया गांव)

दूसरे वीडियो में ग्रामीणों और सिधान मंडल के बीच तीखी बहस होती नजर आती है. ग्रामीणों के विरोध के कारण ट्रैक्टर को रोक दिया जाता है. वीडियो में सिधान मंडल को लुंगी पहने मौके पर पहुंचते और जनदबाव में ट्रैक्टर से बालू उतरवाते हुए देखा जा सकता है. इस दौरान वे एक ग्रामीण का मोबाइल झपटते हुए भी कथित तौर पर दिखते हैं.

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By GANESH MAHTO

GANESH MAHTO is a contributor at Prabhat Khabar.

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