आसनसोल में सरकारी मेडिकल कॉलेज की स्थापना तय

कर्मचारी राज्य बीमा निगम (इएसआइसी) ने आसनसोल इएसआइ अस्पताल परिसर की 20 एकड़ भूमि पर मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की योजना को अंतिम मंजूरी दे दी है.

निर्माण कार्य त्योहारी सीजन के बाद शुरू इएसआइसी अस्पताल परिसर में 20 एकड़ भूमि पर कॉलेज, एमबीबीएस और नर्सिंग पाठ्यक्रम की योजना

आसनसोल. औद्योगिक शहर आसनसोल में लंबे समय से प्रतीक्षित सरकारी मेडिकल कॉलेज की स्थापना अब साकार होने के करीब है. कर्मचारी राज्य बीमा निगम (इएसआइसी) ने आसनसोल इएसआइ अस्पताल परिसर की 20 एकड़ भूमि पर मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की योजना को अंतिम मंजूरी दे दी है. सूत्रों के मुताबिक त्योहारी सीजन के बाद मेडिकल कॉलेज का कार्य शुरू होगा. इस परियोजना से जिले में निजी अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों पर निर्भरता कम होगी और आम नागरिकों को सरकारी स्तर पर उच्च चिकित्सा सुविधा उपलब्ध होगी.

इएसआइसी की क्षेत्रीय समिति की हाल ही में हुई बैठक में इस योजना को औपचारिक मंजूरी दी गई है. सूत्रों के अनुसार प्रारंभिक चरण में कॉलेज में 100 छात्रों के एमबीबीएस पाठ्यक्रम के लिए दाखिले की योजना है, जिसे बाद में बढ़ाया जा सकता है. इएसआइसी ने यह भी संकेत दिया है कि मेडिकल कॉलेज के साथ नर्सिंग और पैरामेडिकल प्रशिक्षण केंद्र भी शुरू किये जायेंगे. जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और स्वास्थ्य सेवाओं में प्रशिक्षित जनशक्ति का विकास होगा.

मलय घटक ने दी जानकारी

इएसआइसी क्षेत्रीय समिति के अध्यक्ष, कानून एवं श्रम मंत्री मलय घटक ने पुष्टि की कि त्योहारी सीजन के तुरंत बाद निर्माण कार्य प्रारंभ होगा. उन्होंने बताया कि इससे क्षेत्र के हजारों औद्योगिक श्रमिकों को सस्ती और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा मिलेगी. उन्होंने कहा कि इएसआइ अस्पताल में निर्माणाधीन नये भवन को जल्द ही ठेकेदार द्वारा अस्पताल प्रशासन को सौंप दिया जायेगा. इस भवन के तैयार होने के बाद अस्पताल में 50 अतिरिक्त बेड जोड़े जायेंगे, जिससे मरीजों को अधिक सुविधा मिलेगी. मलय घटक ने यह भी कहा कि वर्तमान में अस्पताल में बढ़ते मरीजों के दबाव के कारण बेड की भारी कमी थी, लेकिन अब इस समस्या का समाधान होने जा रहा है. इसके साथ ही कुल्टी क्षेत्र में भी कर्मचारियों और औद्योगिक मजदूरों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है. श्रम विभाग की ओर से सीतारामपुर और कुल्टी में 10-बेड वाले ओपीडी स्वास्थ्य केंद्र की स्थापना की जाएगी. लंबे समय से बंद पड़े स्टेशन रोड स्थित श्रम विभाग के पुराने बॉयलर कार्यालय परिसर में नए स्वास्थ्य केंद्र में आउटडोर और इंडोर दोनों प्रकार की चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी. उन्होंने कहा कि यह पहल केंद्र और राज्य के समन्वय से लागू की जा रही है, ताकि औद्योगिक क्षेत्र के श्रमिकों को स्वास्थ्य के क्षेत्र में स्थायी सुविधा दी जा सके. उन्होंने यह भी कहा कि जिले में सरकारी मेडिकल कॉलेज की कमी के कारण निजी संस्थानों द्वारा आर्थिक रूप से कमजोर और मध्यम वर्गीय लोगों को किफायती इलाज नहीं मिल पाता था. इस मेडिकल कॉलेज के निर्माण से जिले के मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़ा सुधार होगा.

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Published by: Ganesh mahto

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